पश्चिम बंगाल में बजरंग दल ने युवाओं को दी 'मिलिट्री ट्रेनिंग', कहा- देश के दुश्मनों से करेंगे रक्षा
Recommended Video

नई दिल्ली। ममता बनर्जी की सरकार ने विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया को भले ही पश्चिम बंगाल में कार्यक्रम करने से रोक दिया हो लेकिन इससे राज्य में युवाओं के लिए ट्रेनिंग कैप चला रही विहिप की युवा ईकाई, बजरंग दल पर कोई असर नहीं पड़ा है। इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक बजरंग दल ने पश्चिम बंगाल में युवाओं को मिलिट्री जैसी ट्रेनिंग दी है।

तलवार और राइफल चलाने की दी गई ट्रेनिंग
रिपोर्ट में बताया गया है कि बजरंग दल ने सुंदरबन के कुलताकी ब्लॉक स्थित एक स्कूल में एक ट्रेनिंग कैंप का आयोजन किया था। इस कैंप को शौर्य प्रशिक्षण शिवर का नाम दिया गया था। 17 से 23 दिसंबर के बीच चले इस शिविर में बंगाल के 170 युवाओं ने हिस्सा लिया। इन युवाओं को बजरंग दल ने मिलिट्री के अंदाज में लाठी, तलवार और राइफल चलाने की ट्रेनिंग दी।

ट्रेनिंग लेकर देश की करेंगे रक्षा
शिविर के बारे में पूछे जाने पर दक्षिण बंगाल में विहिप के सहायक सचिव ने बताया कि यह एक आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर था। उन्होंने बताया कि इस कैंप का उद्देश्य युवाओं का आत्मरक्षा के तरीके सिखाना था जिससे कि मुसीबत के समय में ये युवाओं खुद को आक्रमणकारियों से बचा सकें। साथ ही जरूरत पड़ने पर अपने परिवार और देश की भी रक्षा कर सके।

ममता का सांप्रदायिक हिंसा फैलाने का आरोप
विश्व हिंदू परिषद के एक कार्यकर्ता, मदन ज्ञान ने बताया कि इस तरह के प्रशिक्षण शिविर हर साल लगाए जाते हैं। ये शिविर पहले जिलों में लगाए जातें है और फिर यहां से चुने गए अच्छे उम्मीदवारों को राज्य स्तर पर ट्रेनिंग दी जाती है। बता दें कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इन शिविरों के जरिए राज्य में सांप्रदायिक हिंसा फैलाने के आरोप लगा चुकी हैं।












Click it and Unblock the Notifications