नागरिकता संशोधन बिल को लेकर उत्तरपूर्वी राज्यों में तनाव, भारी सुरक्षाबल तैनात
नई दिल्ली। लोकसभा और राज्यसभा में बुधवार को नागरिकता संशोधन बिल पास हो गया है। लेकिन इसी बीच उत्तरपूर्वी राज्यों असम, मणिपुर, त्रिपुरा, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय में बिल के विरोध में उग्र प्रदर्शन हो रहे हैं। इन राज्यों में बिल का भारी विरोध देखा गया, सबसे ज्यादा हालात असम में खराब हैं। गुवाहाटी में पुलिस ने प्रदर्शनों में आंसू गैस के गोले तक छोड़े और अनिश्चितकाल के लिए कर्फ्यू लगा दिया है।

LIVE Feed
नागरिकता बिल पर राहुल के ट्वीट का जवाब देते हुए किरण रिजिजू ने कहा, 'नो, राहुल गांधी जी, सभी शरणार्थियों को आपकी कांग्रेस पार्टी ने कानूनों का उल्लंघन करके हमारे संरक्षित क्षेत्रों में बसाया था। कांग्रेस की पॉलिसी के चलते सभी अवैध प्रवासियों ने उत्तरपूर्व में प्रवेश किया। आपकी गलतियां ठीक की जा रही हैं। अब, हमारे संरक्षित क्षेत्रों में प्रवासी ना तो स्थानीय बन सकते हैं और ना ही एसटी नागरिक।'
केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के ट्वीट का जवाब देते हुए कहा, 'नो, राहुल गांधी जी, सभी शरणार्थियों को आपकी कांग्रेस पार्टी ने कानूनों का उल्लंघन करके हमारे संरक्षित क्षेत्रों में बसाया था। कांग्रेस की पॉलिसी के चलते सभी अवैध प्रवासियों ने उत्तरपूर्व में प्रवेश किया। आपकी गलतियां ठीक की जा रही हैं। अब, हमारे संरक्षित क्षेत्रों में प्रवासी ना तो स्थानीय बन सकते हैं और ना ही एसटी नागरिक।'
सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी कर टीवी चैनलों को हिंसा फैलाने वाली सामग्री के खिलाफ सावधान रहने को कहा है। इसमें कहा गया है कि ऐसी सामग्री का प्रसारण ना करें जिससे हिंसा भड़कने, 'राष्ट्र विरोधी रवैये' को बढ़ावा देने और राष्ट्र की अखंडता को प्रभावित करने वाली कोई भी चीज शामिल हो।
पीएम ने कहा- खासकर मैं असम के मेरे भाई -बहनों को विश्वास दिलाता हूं कि कोई भी उनके अधिकारों को नहीं छीन सकता। उनकी राजनीतिक विरासत, भाषा और संस्कृति को Clause 6 की स्पिरिट के अनुसार सेफगार्ड किया जायेगा। वहां के नौजवानों के उज्ज्वल भविष्य के लिए भारत सरकार पूरी ताकत से कंधे से कंधा मिलाकर काम करेगी। मैं अपील करता हूं कि कांग्रेस और उनके साथियों के बहकावे में न आएं।
पीएम मोदी- इतना ही नहीं उत्तरपूर्व के करीब-करीब सभी राज्य इस कानून के दायरे से बाहर हैं। कांग्रेस और उसके साथी उत्तरपूर्व में भी आग लगाने की कोशिश कर रहे हैं। वहां भ्रम फैलाया जा रहा है कि बांग्लादेश से बड़ी संख्या में लोग आ जाएंगे। जबकि ये कानून पहले से ही भारत आ चुके शरणार्थियों की नागरिकता के लिए है।
पीएम मोदी- मैं उत्तरपूर्व और पूर्वी भारत के हर राज्य, हर जनजातीय समाज को आश्वस्त करना चाहता हूं कि असम सहित नॉर्थ ईस्ट के अलग-अलग क्षेत्रों की परंपराओं, वहां की संस्कृति, उन्हें संरक्षण देना और समृद्ध करना, भाजपा की प्राथमिकता है। 31 दिसंबर 2014 तक जो भारत आए उन शरणार्थियों के लिए ही ये व्यवस्था है।
केंद्रीय मंत्री और भाजपा के डिब्रूगढ़ (असम) से सांसद रामेश्वर तेली ने आगे कहा, मैं एक असमिया हूं, मैं ऐसा कुछ नहीं करूंगा जो असम के लोगों को नुकसान पहुंचाए। मैं सभी को ये स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि नागरिकता संशोधन बिल, जो पास हुआ है, उससे असम की संस्कृति और भाषा प्रभावित नहीं होगी।
READ MORE












Click it and Unblock the Notifications