Coronavirus: जनता कर्फ्यू के बाद लोगों ने किस तरह दिखाई 'जानलेवा लापरवाही', देखिए ये 5 VIDEO
नई दिल्ली। कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप के चलते देश के 75 जिलों को लॉकडाउन किया गया है। इससे पहले पीएम मोदी ने रविवार (22 मार्च) को 'जनता कर्फ्यू' की अपील भी की थी। उस दिन पूरा देश बंद था। इसे इस लॉकडाउन का टेस्टिंग मोड कहा जा रहा था। पीएम मोदी के जनता कर्फ्यू की अपील को लेकर लोग खासा सजग थे। पीएम मोदी ने ये भी अपील की थी कि 22 मार्च को शाम 5 बजे 5 मिनट के लिए उन लोगों के लिए थाली-ताली बजाया जाए जो खतरनाक वायरस से लड़ने में जान जोखिम में डालकर मानव समाज की सेवा में लगे हैं। लेकिन, इस मुहिम की जो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं, उसको लेकर सवाल भी उठ रहे हैं। लोग सड़कों पर उतर गए। हैरानी की बात यह है कि उन्होंने भीड़ के बीच खूब थाली-ताली बजाईं और गंभीरता से लेने वाले मुद्दे को भी जश्न में तब्दील कर दिया।
सोशल डिस्टेंसिंग का उड़ा मजाक
दरअसल, जनता कर्फ्यू की अपील इसलिए हुई थी कि लोग घरों में रहकर सोशल डिस्टेंसिंग करें और कोरोना जैसी ग्लोबल महामारी से निपटने के लिए लोगों का उत्साह बढ़ाएं। लेकिन, कुछ लोगों ने दिल्ली, इंदौर, अहमदाबाद और देश के दूसरे हिस्सों में सड़कों पर उतरकर भीड़ में उतर कर मुहिम का मजाक उड़ाया, उससे वे हंसी का पात्र भी बन गए हैं।
लोगों ने ऐसा जश्न मनाया कि कोई बड़ी उपलब्धियां हासिल कर ली गई हो
वीडियो सोशल मीडिया में खूब वायरल हो रहे हैं। वैसे देश में जनता कर्फ्यू शुरुआती घंटों में काफी सफल रहा, लेकिन शाम को माहौल जश्न में भी बदल गया। लोगों ने ऐसा जश्न मनाया कि कोई बड़ी उपलब्धियां हासिल कर ली गई हों। ऐसे सिरफिरे लोगों ने जनता कर्फ्यू का मजाक भी उड़वा दिया।
क्या कहा था पीएम मोदी ने 'जनता कर्फ्यू' को लेकर
प्रधानमंत्री मोदी ने बृहस्पतिवार को देश के नाम संबोधन में कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में ‘‘संयम और संकल्प'' का आह्वान करते हुए देशवासियों से रविवार को ‘जनता कर्फ्यू' का पालन करने को कहा था। उन्होंने टीवी पर प्रसारित करीब 30 मिनट के संबोधन में कोरोना वायरस के खतरे पर जोर देते हुए लोगों से घरों के भीतर रहने और जितना संभव हो सके उतना घर से काम करने के लिए कहा था। उन्होंने कहा था कि दुनिया ने इतना गंभीर संकट पहले कभी नहीं देखा।
थर्ड स्टेज में आने पर स्थिति संभालना बेहद मुश्किल होगा
दरअसल, भारत में कोरोना वायरस का कहर फिलहाल दूसरे चरण में है। तीसरे चरण में आने पर स्थिति संभालना बेहद मुश्किल होगा। यही कारण है कि सरकार इस वायरस के कहर को किसी भी सूरत में तीसरे चरण में प्रवेश नहीं करने देना चाहती। खासतौर से रविवार को जिस प्रकार बिहार में कोरोना संक्रमित मरीज की मौत हुई और पहली बार दो ऐसे कोरोना संक्रमित मरीज सामने आए जो विदेश से आने वालों के संपर्क में नहीं थे, उससे सरकार का चिंतित होना स्वाभाविक है। गौरतलब है कि तीसरे चरण में यह वायरस सामुदायिक संपर्क से फैलता है जिसका शिकार चीन के बाद इटली और ईरान हुआ।
कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी
कोरोना वायरस का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है। देश में बीते दो दिन के भीतर 137 नए मामले सामने आने के बाद सोमवार को भी मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। ताजा आंकड़ों के अनुसार, अब तक देश में 415 कोरोना के पॉजिटिव केस सामने आ चुके हैं। कोरोना के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए देश के 75 जिलों में लॉकडाउन कर दिया गया है। सुबह से ही सड़कों पर काफी कम लोग देखे जा सकते हैं। वहीं, केंद्र सरकार ने राज्यों से लॉकडाउन का सख्ती से पालन कराने का निर्देश दिया है। केंद्र ने कहा है कि जो इसका उल्लंघन करता है उसके खिलाफ सख्ती से कार्रवाई हो।












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