पूर्वोत्तर में शाह का एक और 'मास्टर स्ट्रोक', CM हिमंत का भी रहा अहम रोल
नई दिल्ली, 15 सितंबर। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की मौजूदगी में गुरुवार को केंद्र और असम सरकार ने असम के 8 आदिवासी संगठनों के साथ त्रिपक्षीय शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए। इस बात की जानकारी गृहमंत्री अमित शाह ने खुद दी। उन्होंने कहा कि यह असम और पूर्वोत्तर के लिए एक महत्वपूर्ण दिन है। असम के आदिवासी संगठनों के लगभग 1100 लोग आज हथियार डाल कर मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं। इस दौरान गृहमंत्री ने कहा कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की तरफ से असम के विकास को लेकर कई कदम उठाए जा रहे हैं। इसी के तहत ये हस्ताक्षर हुए हैं।

पूर्वोत्तर के विकास को ध्यान में रखकर काम कर रही है सरकार
गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर के विकास को ध्यान में रखकर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार चाहती है कि असम और पूर्वोत्तर क्षेत्र नशा मुक्त, आतंकवाद मुक्त, विवाद मुक्त और पूर्ण विकसित हो।
इन संगठनों के साथ हुए हस्ताक्षर
गृहमंत्री अमित शाह की मौजूदगी में जिन आठ संगठनों के साथ हस्ताक्षर हुआ है, उनमें बिरसा कमांडो फोर्स (बीसीएफ), आदिवासी पीपुल्स आर्मी (एपीए), ऑल आदिवासी नेशनल लिबरेशन आर्मी (एएनएलए), असम की आदिवासी कोबरा मिलिट्री (एसीएमए) और संथाली टाइगर फोर्स (एसटीएफ) शामिल हैं। इसके अलावा तीन अन्य संगठन बीसीएफ, एएनएलए और एसीएमए के भी साथ हस्ताक्षर हुए हैं।
जानकारी के मुताबिक इन संगठनों के साथ शांति की वार्ता आज से 10 साल पहले यानि कि 2012 में की गई थी। आपको बता दें कि बिरसा कमांडो फोर्स (BCF), आदिवासी पीपुल्स आर्मी (APA), ऑल आदिवासी नेशनल लिबरेशन आर्मी (AANLA), असम की आदिवासी कोबरा मिलिट्री (ACMA) और संथाली टाइगर फोर्स (STF) 2012 से सरकार के साथ संघर्ष विराम में हैं और तब से ही उग्रवादी संगठनों के कार्यकर्ता निर्धारित शिविरों में रह रहे हैं।
समझौते के बाद असम के मुख्यमंत्री हिमंत ने कहा कि मुझे यकीन है कि इससे असम में शांति और सद्भाव के एक नए युग की शुरुआत होगी। उन्होंने कहा कि इसी साल 27 जनवरी को राज्य के दो उग्रवादी गुटों के कुल 246 विद्रोहियों ने हथियार डाल दिए और मुख्यधारा में लौट आए। आपको बता दें कि समझौते से पहले मुख्यमंत्री हिमंत ने आदिवासी संगठनों के साथ एक बैठक भी की थी।
ये भी पढ़ें- कुछ ही सालों में भारत होगा दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था: अमित शाह












Click it and Unblock the Notifications