दिल्ली में बाढ़ का खतरा, यमुना अभी भी खतरे के निशान से ऊपर, पहाड़ों पर भी बारिश का उत्पात
नई दिल्ली। गर्मी और उमस की मार झेल रही राजधानी दिल्ली पर अब बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। मॉनसून की बारिश अब यहां के लोगों के लिए आफत बनती जा रही है क्योंकि यमुना नदी अभी भी खतरे के निशान से ऊपर से बह रही है। आज सुबह 6 बजे तक यमुना का जलस्तर 205.44 मीटर तक पहुंच गया है और अगर इसी तरह जलस्तर बढ़ता रहा तो ये दोपहर 3 बजे तक ये 205.65 मीटर तक पहुंच जाएगा।
दिल्ली में बाढ़ का खतरा
फिलहाल बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने काफी तैयारी की है, इस सिलसिले में शनिवार देर रात मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक इमरजेंसी मीटिंग भी बुलाई थी जिसमें बाढ़ से निपटने के इंतजामों का जायजा लिया गया और कुछ निर्देश दिए गए।

अलर्ट जारी
प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने के लिए कहा, निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से तत्काल प्रभाव से घर खाली करने को कहा है और लोगों से अपील की है को वो अपने जानवरों और बच्चों को यमुना की तरफ लेकर ना जाएं।

निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति
गौरतलब है कि शनिवार को हरियाणा के हथिनीकुंड बैराज से 3,11190 क्यूसेक पानी और छोड़ा गया है। दिल्ली में यमुना पहले ही खतरे के निशान के ऊपर है। ऐसे में और ज्यादा पानी आने पर दिल्ली में यमुना के आसपास के निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति बन गई है।

हिमाचल और उत्तराखंड में भी भारी बारिश ने उत्पात मचाया
केवल दिल्ली ही नहीं राजधानी से जुड़े आस-पास इलाकों में भी बाढ़ की स्थिति पैदा हो गई है, हिमाचल और उत्तराखंड में भी भारी बारिश ने उत्पात मचाया हुआ है। दोनों ही राज्यों में भारतीय मौसम विभाग ने भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है तो वहीं यूपी-बिहार में भी आज आफत की बारिश हो सकती है। गौरतलब है कि एनईआरसी रिपोर्ट के अनुसार बाढ़ एवं बारिश के चलते महाराष्ट्र में 138, केरल में 125, पश्चिम बंगाल में 116, गुजरात में 52 और असम में 34 लोगों की और उत्तर प्रदेश में 58 लोगों की मौत हुई है।












Click it and Unblock the Notifications