एक और बिजनेस में उतरे बाबा रामदेव, 'पराक्रम' को किया लॉन्च
बाबा रामदेव ने रखा नए बिजनेस में कदम, अब बाबा की कंपनी लोगों को सुरक्षा मुहैया प्रदान करने का करेगी काम, पराक्रम सुरक्षा की हुई शुरुआत
हरिद्वार। योग के जरिए घर-घर में अपनी पहचान बनाने वाले बाबा रामदेव ने पतंजलि आयुर्वेद के बाद अब एक नए बिजनेस में कदम रखा है। 'पराक्रम सिक्योरिटी प्राइवेट लिमिटेड' के नाम से बाबा रामदेव ने अपनी प्राइवेट सिक्योरिटी फर्म शुरू की है। गुरुवार को रामदेव ने हरिद्वार में इस फर्म का उद्घाटन किया।

लोगों को सुरक्षा मुहैया कराना लक्ष्य
इस नई शुरुआत के बारे में बात करते हुए पतंजलि आयुर्वेद संस्थान के सीईओ आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि सुरक्षा मुहैया कराना काफी अहम मुद्दा है, फिर चाहे वह पुरुष हो या महिला। हमारा लक्ष्य है कि ऐसे लोगों को तैयार किया जाए जो ना सिर्फ खुद की बल्कि देश की भी रक्षा कर सके, इसी उद्देश्य से हमने इस पराक्रम अभियान की शुरुआत की है। इस के जरिए हम लोगों के भीतर सेना के शौर्य को लाने की कोशिश करेंगे, ताकि लोगों के भीतर खुद और देश की सुरक्षा का भाव जागे।

रिटायर्ड फौजी और पुलिसवाले देंगे ट्रेनिंग
बालकृष्ण ने बताया कि रामदेव ने इसके लिए सेवानिवृत्त फौजी, पुलिसकर्मी की मदद ली है, जो युवाओं को इसके लिए ट्रेन करेंगे। जो युवा इस क्षेत्र में आने के इच्छुक हैं और नौकरी पाना चाहते हैं, ये लोग उन्हें प्रशिक्षि जो युवा इस क्षेत्र में आने के इच्छुक हैं और नौकरी पाना चाहते हैं, ये लोग उन्हें प्रशिक्षित करेंगे।

25 धनवान लोगों को लिस्ट में बाबा
आपको बता दें कि बाबा रामदेव की कंपनी ने बाबा को भारत के 25 शीर्ष धनवान लोगों की लिस्ट में लाकर खड़ा कर दिया है। पतंजलि ने बाबा रामदेव को ना सिर्फ भारत क सबसे अमीर लोगों की लिस्ट में लाकर खड़ा कर दिया है, बल्कि बाबा की कंपनी भारत की अग्रणी कंपनियों में शुमार होती है। पतंजलि की कुल संपत्ति 25600 करोड़ रुपए की है।

बड़ी कंपनियों के लिए चुनौती बने बाबा
पिछले कुछ सालों में जिस तरह से बाबा रामदेव की कंपनी ने लगातार सफलता के नए मुकाम हासिल कर रही है, उसने कई एफएमसीजी कंपनियों के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है। बाबा की कंपनी ने बहुत ही कम समय में हजारों करोड़ की कंपनी बनकर खड़ी हो गई है। वहीं बाबा रामदेव का दावा है कि पतंजलि के पूरे लाभ को राष्ट्रहित में दान किया जाता है।












Click it and Unblock the Notifications