Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Air India Plane Crash: 260 मौतों के 4 दिन बाद 112 पायलट गए छुट्टी पर! क्या एयर इंडिया में मेंटल हेल्थ का संकट?

Air India Plane Crash: 12 जून 2025 को अहमदाबाद में हुए भीषण एयर इंडिया विमान हादसे ने न केवल देश को झकझोर दिया, बल्कि इसके बाद की घटनाएं भी सवाल खड़े कर रही हैं। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने एयर इंडिया को चालक दल की थकान और प्रशिक्षण में लापरवाही को लेकर पहले ही कड़ी फटकार लगाई थी।

अब एक नया खुलासा सामने आया है कि हादसे के चार दिन बाद, 16 जून को, एयर इंडिया के 112 पायलटों ने एक साथ बीमारी का हवाला देकर छुट्टी ले ली। इस खबर ने एयरलाइन की कार्यप्रणाली और पायलटों के मानसिक स्वास्थ्य पर सवाल उठाए हैं।

Air India Plane Crash

112 पायलटों की सामूहिक छुट्टी क्यों?

नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने 24 जुलाई 2025 को लोकसभा में बताया कि अहमदाबाद हादसे के बाद 16 जून को 112 पायलटों ने बीमारी के कारण छुट्टी ली, जिनमें 51 कमांडर (वरिष्ठ पायलट) और 61 प्रथम अधिकारी शामिल थे। हालांकि, सरकार ने इसे 'मामूली वृद्धि' करार दिया और सामूहिक बीमारी की खबरों को खारिज किया। मंत्री ने कहा, 'एयर इंडिया ने हादसे के बाद पायलटों की बीमारी की छुट्टियों में मामूली बढ़ोतरी की सूचना दी है।'

एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 हादसा क्या है?

इस हादसे में एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171, जो अहमदाबाद से लंदन गैटविक जा रही थी, टेकऑफ के 32 सेकंड बाद ही बी.जे. मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल से टकरा गई। इस दुर्घटना में 241 यात्री और चालक दल के सदस्यों सहित 260 लोगों की मौत हुई, जबकि 19 लोग जमीन पर मारे गए। केवल एक यात्री, विश्‍वासकुमार रमेश, इस हादसे में जीवित बचे।

पायलटों का मानसिक स्वास्थ्य: एक गंभीर चिंता

हादसे के बाद इतनी बड़ी संख्या में पायलटों की छुट्टी ने उनके मानसिक स्वास्थ्य को लेकर सवाल उठाए हैं। DGCA ने फरवरी 2023 में एक सर्कुलर जारी कर सभी एयरलाइनों को चालक दल और एयर ट्रैफिक कंट्रोलरों के लिए मानसिक स्वास्थ्य की निगरानी और विशेष प्रशिक्षण मॉड्यूल तैयार करने की सलाह दी थी। इसके तहत, सभी ऑपरेटरों, फ्लाइंग ट्रेनिंग ऑर्गनाइजेशन (FTO), और भारतीय हवाई अड्डा प्राधिकरण (AAI) को एक सहकर्मी सहायता कार्यक्रम (PSP) शुरू करने को कहा गया था। यह कार्यक्रम गैर-दंडात्मक और गोपनीय होने के साथ-साथ चालक दल को तनाव और मानसिक समस्याओं से निपटने में मदद करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

मोहोल ने कहा, 'यह कार्यक्रम पायलटों और एयर ट्रैफिक कंट्रोलरों को उनकी समस्याओं को पहचानने, सामना करने और उन पर काबू पाने में सहायता प्रदान करता है।' हालांकि, इतने बड़े पैमाने पर पायलटों की छुट्टी से सवाल उठता है कि क्या एयरलाइन ने इन दिशानिर्देशों का पूरी तरह पालन किया?

ये भी पढ़ें- Air India: 7 माह-14 घटनाएं, पैसेंजर्स की जान भगवान भरोसे? खतरे में रतन टाटा की विरासत! प्लेन क्रैश-260 मौतें

हादसे की जांच और सवाल

12 जून को हुए हादसे की प्रारंभिक जांच में पता चला कि टेकऑफ के कुछ सेकंड बाद ही विमान के दोनों ईंधन नियंत्रण स्विच 'कट-ऑफ' स्थिति में चले गए, जिससे इंजन में ईंधन की आपूर्ति बंद हो गई और विमान में शक्ति हानि हुई। कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डिंग में एक पायलट को दूसरे से पूछते सुना गया, 'तुमने फ्यूल स्विच क्यों बंद किया?' जिसका जवाब था, 'मैंने ऐसा नहीं किया।' यह रहस्य अभी तक अनसुलझा है।

जांच में यह भी सामने आया कि बोइंग 787-8 के फ्यूल स्विच में लॉकिंग मैकेनिज्म होता है, जिसे गलती से बंद करना मुश्किल है। फिर भी, इस हादसे ने मानवीय भूल, तकनीकी खराबी, या रखरखाव में चूक की संभावनाओं को जन्म दिया है।

क्या है असल मुद्दा?

112 पायलटों की एक साथ छुट्टी और बार-बार हो रही घटनाएं यह संकेत देती हैं कि एयर इंडिया के भीतर गहरी समस्याएं हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पायलटों के बीच मानसिक दबाव और असुरक्षा का परिणाम हो सकता है। अहमदाबाद हादसा और उसके बाद पायलटों की सामूहिक छुट्टी ने एयर इंडिया के प्रबंधन पर सवाल खड़े किए हैं। क्या यह मानसिक स्वास्थ्य का संकट है, या एयरलाइन की प्रणाली में गहरी खामियां? यात्रियों की सुरक्षा और विश्वास को बनाए रखने के लिए एयर इंडिया को तत्काल सुधार करने होंगे, वरना भविष्य में और बड़े खतरे सामने आ सकते हैं।

ये भी पढ़ें- Exclusive: Air India में पायलट-क्रू पर कितना दबाव? प्लेन क्रैश के बाद DGCA की फटकार, एयरलाइन ने क्या कहा?

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+