एयर इंडिया विमान हादसे से लें सबक: अचानक मौत के बाद परिवार तक ऐसे पहुंचाएं बैंक, बीमा व निवेश का पूरा पैसा
Air India Crash 2025 Lesson: अहमदाबाद एयरपोर्ट से 12 जून 2025 को टेक ऑफ के तुरंत बाद एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 का क्रैश होना सिर्फ एक तकनीकी दुर्घटना नहीं थी, बल्कि सैकड़ों परिवारों के लिए ऐसा आघात था, जिसकी भरपाई नामुमकिन है। हादसे में गुजरात के पूर्व CM विजय रूपाणी समेत 240 से अधिक लोग मारे गए। अहमदाबाद विमान जैसे हादसे हमें यह सोचने पर मजबूर कर देते हैं कि अगर कल को हमारे साथ भी ऐसा कुछ अचानक हो गया, जिसमें जान चली गई तो क्या हमारा परिवार यह पता लगा पाएगा कि हमने कहां-कहां निवेश किया था? हमारी बीमा पॉलिसी कहां है? नॉमिनी कौन है? बैंक खाते कितने और कहां हैं?
वनइंडिया हिंदी से बातचीत में राजस्थान के झुंझुनूं के जाने-माने चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) नितिन अग्रवाल कहते हैं कि भारत में बड़ी संख्या में लोग बिना सूचना के निवेश करते हैं। शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड, बीमा पॉलिसी, पीएफ खाते, बैंक एफडी आदि में रकम तो लगाई जाती है, लेकिन परिवार को इसकी जानकारी नहीं दी जाती। ऐसे में जब अचानक किसी की मौत होती है तो उनका पैसा सिस्टम में ही फंसा रह जाता है। नॉमिनी को पता ही नहीं होता कि कहां-कहां दावा करना है?

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नितिन अग्रवाल कहते हैं कि आज के डिजिटल जमाने में हर किसी को समय रहते कुछ जरूरी उपाय करने चाहिए, जिससे आकस्मिक मृत्यु के बाद हमारे परिवार को आर्थिक असमंजस का सामना न करना पड़े। खास बात है कि यह जानकारी अपने सीए से भी शेयर करके रखनी चाहिए ताकि वह आपके इस दुनिया से चले जाने के बाद परिवार का मददगार बन सके।
1. नॉमिनी तय हो, KYC अपडेट रखें
हर बैंक खाता, बीमा पॉलिसी, म्यूचुअल फंड और डिपॉजिट में नॉमिनी जरूर जोड़ें और उसे समय-समय पर अपडेट करते रहें। EPFO और NPS जैसी सरकारी स्कीम्स में भी नॉमिनी अपडेट रहना बेहद जरूरी है।
2. वित्तीय डॉक्युमेंट फोल्डर बनाएं
एक फिजिकल फोल्डर में सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज़ जैसे बीमा पॉलिसी, म्यूचुअल फंड स्टेटमेंट, FD रसीदें, बैंक पासबुक की कॉपी रखें। एक डिजिटल फोल्डर भी बनाएं (Google Drive, Dropbox आदि में) और उसमें स्कैन कॉपी रखें।
3. ऑनलाइन निवेशों की सूची बनाएं
अगर आपने Angel One, Zerodha, Groww, Upstox, Paytm Money जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए शेयर बाजार या बचत योजनाओं से निवेश किया है, तो उन सभी की एक लिस्ट बना लें और लॉगिन क्रेडेंशियल्स किसी विश्वसनीय सदस्य के साथ साझा करें।
4. 'Will' (वसीयत) तैयार करें
अगर आपके पास संपत्ति या शेयर निवेश हैं, तो एक साधारण वसीयत (Will) बनवाना जरूरी है। इसे आप किसी वकील की मदद से बनवा सकते हैं या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से भी कर सकते हैं।

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5. 'नॉमिनी इंटिमेशन लेटर' बनवाएं
एक कवर लेटर तैयार करें, जिसमें लिखा हो कि आपकी मृत्यु की स्थिति में परिवार को कौन-कौन से कागजात कहां मिलेंगे, किस प्लेटफॉर्म पर कितने पैसे हैं और नॉमिनी कौन है?
6. ट्रस्टेड फैमिली मेंबर को जानकारी दें
जरूरी नहीं कि आप सब कुछ सबको बताएं, लेकिन किसी एक भरोसेमंद सदस्य (जैसे जीवनसाथी या संतान) को जरूर बताएं कि कौन सा फोल्डर या दस्तावेज कहां रखा है?
7. Password Manager या Notebook का इस्तेमाल करें
सभी फाइनेंशियल अकाउंट्स के लॉगिन पासवर्ड्स को एक सिक्योर ऐप (जैसे Bitwarden, Zoho Vault) या पासवर्ड प्रोटेक्टेड फ़ाइल में स्टोर करें। इस फ़ाइल की लोकेशन किसी ट्रस्टेड व्यक्ति को बताएं।
8. एक 'अंतिम ईमेल' तैयार करें
एक ईमेल ड्राफ्ट रखें, जिसमें आपके सभी निवेशों, बीमाओं, और क्लेम प्रोसेस का ज़िक्र हो। इसे क्लाउड में सेव करें या किसी ट्रस्टेड व्यक्ति को शेड्यूल करके भेजने का अधिकार दें।
9. बचत खाते से एक्सीडेंटल पॉलिसी
सीए नितिन अग्रवाल के अनुसार जिन लोगों ने बैंक में सेविंग अकाउंट खुलवा रखा है और डेबिट या क्रेडिट की सुविधा ले रखी है तो उन्हें यह भी पता होना चाहिए कि इस सुविधा के साथ एक्सीडेंटल पॉलिसी भी निशुल्क मिलती है। बैंक जाकर यह एक्सीडेंटल पॉलिसी जरूर लेनी चाहिए।
10. वन पेजर या पर्सनली डायरी
आज के जमाने में लोग मोबाइल एप्प के जरिए क्रिप्टो करेंसी तक में भी निवेश करते हैं। हमारी अचानक मौत के बाद मोबाइल का लॉक तोड़ना तो आसान है, मगर क्रिप्टो करेंसी खाते में बिना पासवर्ड अनलॉक की समस्या ज्यादा आती है। ऐसे में वन पेजर या पर्सनली डायरी का इस्तेमाल जरूरी है।
अहमदाबाद विमान हादसे से पहले यहां भी अचानक मौत
1. महाकुंभ भगदड़ (प्रयागराज, जनवरी 2025)
तिथि: 29 जनवरी 2025 (मौनी अमावस्या)
हताहत: 30-79 की बीच मौतें, लगभग 60 घायल
कारण: घने भीड़ और ढीली बैरिकेडिंग: श्रद्धालुओं ने गंगा में स्नान करने के लिए दबाव बनाया
2. पहलगाम अटैक (22 अप्रैल 2025)
तिथि एवं स्थान: 22 अप्रैल 2025, बाइसरन वैली, पहलगाम, जम्मू-कश्मीर
हताहत: 26 व्यक्ति मारे गए, लगभग 20 घायल
जिम्मेदारी: लश्कर-ए-तैबा की फ्रंट 'द रेसिस्टेंस फ्रंट' ने साधारण पर्यटकों को निशाना बनाया
3. RCB विजय जुलूस में भगदड़ (बेंगलुरु, 4 जून 2025)
तिथि: 4 जून 2025, आरसीबी ने अपना पहला IPL 2025 खिताब जश्न मनाया
हताहत: चिन्ना स्वामी स्टेडियम के बाहर 11 मौतें, 50 से अधिक घायल
कारण: भीड़ नियंत्रण विफल रहा। आयोजकों और पुलिस ने भीड़ के इकट्ठा होने की अनुमति दे दी।












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