Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

गुजरात चुनाव में Shraddha Walker का मुद्दा उठाने से बीजेपी को क्या फायदा ? जानिए

Shraddha Walker murder case in Gujarat Election: दिल्ली में हुए श्रद्धा वाकर हत्याकांड की वजह से पूरा देश हिला हुआ है। सवाल है कि कोई इतना बेरहम कैसे हो सकता है कि जिससे प्यार के दावे करके उसके साथ रह रहा हो, उसकी ही हत्या करके शव के टुकड़े-टुकड़ कर दे और उसे महीनों तक फ्रिज में छिपाकर रख रहे। लेकिन, गुजरात में यह चुनावी मुद्दा बना हुआ है। सत्ताधारी बीजेपी के नेता इस मुद्दे को रैलियों में उठा रहे हैं। इस घटना को लेकर कांग्रेस की नीतियों पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं। कांग्रेस नेताओं पर चुप्पी साधने के आरोप लगा रहे हैं। दरअसल, भाजपा को ऐसा करके गुजरात के चुनावों में फायदा मिलने की उम्मीद दिख रही है।

बीजेपी ने गुजरात चुनाव में श्रद्धा हत्याकांड को बनाया मुद्दा

बीजेपी ने गुजरात चुनाव में श्रद्धा हत्याकांड को बनाया मुद्दा

गुजरात में चुनावी पारा अब चरम पर चढ़ चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी पूरी ताकत से अपने गृहराज्य में बीजेपी की सत्ता में वापसी के लिए उतर चुके हैं। दो दिनों में उनकी कई रैलियां होने वाली हैं। केरल से कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के भी सोमवार से भारत जोड़ो यात्रा के बीच में गुजरात के प्रचार अभियान में उतरने की संभावना है। चुनाव गुजरात में सरकार बनने के लिए हो रही है, लेकिन बीजेपी के तमाम बड़े नेता दिल्ली के मेहरौली इलाके में हुए सनसनीखेज श्रद्धा वाकर हत्याकांड का मुद्दा उठा रहे हैं। पार्टी इसके माध्यम से खासकर कांग्रेस को निशाने पर लेने की कोशिश में है। मसलन, असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा का दावा कि दक्षिणी दिल्ली में श्रद्धा वाकर के लिव-इन-पार्टनर आफताब पूनावाला ने जिस तरह से उसकी जघन्य हत्या करके उसकी लाश के 35 टुकड़े किए हैं, वह 'लव जिहाद' का मामला है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसे शक्तिशाली नेता नहीं होंगे तो, देश के हर शहर में 'आफताब' होंगे।

तो ऐसे आफताब हर शहर में पैदा होंगे.....हिमंत बिस्व सरमा

तो ऐसे आफताब हर शहर में पैदा होंगे.....हिमंत बिस्व सरमा

गुजरात के कच्छ क्षेत्र में एक रैली के दौरान सरमा ने दावा किया, 'हाल ही में एक आफताब श्रद्धा को मुंबई से लाया और लव जिहाद के नाम पर उसे 35 टुकड़ों में काट दिया। और उसके बाद उसने उसके शव को कहां रखा? फ्रिज में। जब फ्रिज में शव पड़ा था, वह एक और लड़की को लेकर आया और उसके साथ डेटिंग शुरू कर दिया....' असम के सीएम ने कहा कि 'अगर देश में एक ऐसा शक्तिशाली नेता और सरकार नहीं होगी जो कि अपने देश को मां की तरह आदर करे, ऐसे आफताब हर शहर में पैदा होंगे.....और हम अपने समाज को सुरक्षित रखने में सफल नहीं हो पाएंगे। इसलिए, 2024 में देश को तीसरी बार मोदीजी को चुनना चाहिए और वह ऐसे मुद्दों का हल करने में सक्षम हो पाएंगे।'

कांग्रेस पर तुष्टिकरण का आरोप लगा रहे बीजेपी नेता

कांग्रेस पर तुष्टिकरण का आरोप लगा रहे बीजेपी नेता

हिमंत बिस्व सरमा ने गुजरात की जनता से एक बार और बीजेपी को जिताने की अपील करते हुए कांग्रेस पर मुसलमानों के 'तुष्टिकरण' का आरोप लगाते हुए जोरदार हमला किया। अकेले सरमा नहीं, बीजेपी के कई नेताओं ने श्रद्धा हत्याकांड का मुद्दा गुजरात चुनाव में उठाकर देश में कथित 'लव जिहाद' के प्रति वोटरों को आगाह करने की कोशिश की है। वहीं उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा पर श्रद्धा हत्याकांड को लेकर सीधा निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि यूपी में तो प्रियंका कहती हैं कि 'लड़की हूं, लड़ सकती हूं', लेकिन श्रद्धा के साथ हुई जघन्य वारदात पर मुंह नहीं खोल रही हैं, क्योंकि उन्हें लगता है कि ऐसा करने पर उनका वोट बैंक घट जाएगा।

विपक्षी दल ने हमेशा ही 'राष्ट्रवाद पर आतंकवाद' को प्राथमिकता दी-योगी

विपक्षी दल ने हमेशा ही 'राष्ट्रवाद पर आतंकवाद' को प्राथमिकता दी-योगी

उधर, यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी दक्षिण गुजरात और सौराष्ट्र क्षेत्र में कांग्रेस पर लगातार हमला जारी रखा है और लोगों से कहा है कि 'कांग्रेस को नर्मदा नदी में विसर्जित कर दें।' उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी पार्टी ने हमेशा ही 'राष्ट्रवाद पर आतंकवाद' को तवज्जो दी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सत्ता में रहते आर्टिकल 370 का खात्मा, अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण और ट्रिपल तलाक को हटाना कभी भी संभव नहीं था।

श्रद्धा मर्डर केस उठाने से बीजेपी को क्या फायदा ?

श्रद्धा मर्डर केस उठाने से बीजेपी को क्या फायदा ?

गुजरात चुनाव में राष्ट्रवाद का मुद्दा हमेशा से एक प्रभावी विषय रहा है। गुजरात में बीजेपी की सत्ता की शुरुआत ही अयोध्या में राम मंदिर आंदोलन के साथ हुई थी। फिर 2002 के चुनावों से उसकी राजनीति के लिए बहुसंख्यकवाद बहुत ही फायदेमंद साबित हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता गुजरात से निकलकर पूरे देश में मजबूत हुई है, तो उसके पीछे भी भाजपा की यही विचारधारा है, जिसमें कांग्रेस को चौतरफा घेरना उसके लिए बहुत आसान हो जाता है। श्रद्धा हत्याकांड ने पूरे समाज को हिलाकर रख दिया है। भाजपा ने गुजराती वोटरों की नब्ज पिछले 27 साल से पकड़ रखी है। इसलिए, वह ऐसी पिच पर बैटिंग कर रही है, जिसपर कांग्रेस के सारे गुगली फेल होने की संभावना रहती है।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+