गुजरात: CM विजय रूपाणी बोले- हमारे राज्य में गोहत्या न हो, हिंदू लड़कियों को फंसाना भी बंद करें
अहमदाबाद। गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि, हमारी सरकार ऐसे लोगों से सख्ती से निपट रही है जो हिंदू लड़कियों को "फंसाते हैं तथा उन्हें भगा ले जाते हैं"। मुख्यमंत्री रूपाणी ने अहमदाबाद के एक कार्यक्रम में कहा कि, हमारे यहां गौहत्या की घटनाओं पर भी काबू पाया जाएगा। उन्होंने कहा कि, "गाय पूजनीय है और गोकशी, तस्करी व उसकी हत्या करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।"

मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने अहमदाबाद के वसिहनोदेवी सर्किल क्षेत्र में मालधारी समुदाय, जिनका पारंपरिक व्यवसाय पशु-पालन है, की एक सभा को संबोधित करते हुए उपरोक्त बातें कहीं। वहीं पर, गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि, हमारी सरकार ऐसे कई कानून लाई है, जिससे ऐसी घटनाएं थमेंगी और अपराधमुक्त प्रदेश बनेगा।"
उन्होंने शुक्रवार को कहा कि, "हम 'लव जिहाद' को रोकने के लिए भी एक कानून लाए। जिसके जरिए हम हिंदू लड़कियों को फंसाने और उनके साथ भागने वालों से सख्ती से निपट रहे हैं।"
Recommended Video

मुख्यमंत्री रूपाणी ने कहा, "राज्य में भाजपा सरकार ने भी गोहत्या में शामिल लोगों पर सख्त कार्रवाई की है।" उन्होंने कहा, "मेरी सरकार सख्त प्रावधानों के साथ कई कानून लाई। चाहे गायों को वध से बचाने के लिए कानून हो, भूमि हथियाने को रोकने के लिए कानून हो या चेन-स्नैचिंग में शामिल लोगों को दंडित करने के लिए कानून हो।"
बता दें कि, मुख्यमंत्री रायका एजुकेशन चैरिटेबल ट्रस्ट के नियोजित भवन का शिलान्यास करने के बाद ऐसी बातें बोल रहे थे। 'लव जिहाद' को लेकर वह पहले भी कई बार चेतावनी दे चुके हैं। एक बार उन्होंने यह भी कहा था कि, 'हिंदू लड़कियों को झांसा देकर उनकी जिंदगी बर्बाद करने वाले बाज आएं, ऐसे लोग गुजरात छोड़कर चले जाएं...वरना ऐसी कठोर सजा देंगे, बहुत पछताएंगे।'

गुजरात सरकार ने इसी साल, गुजरात धर्म की स्वतंत्रता (संशोधन) अधिनियम-2021, विधानसभा में पारित करवाया था। अप्रैल में प्रस्ताव पारित होने पर 15 जून को उसे अधिसूचित कर दिया गया था।
गुजरात धर्म की स्वतंत्रता (संशोधन) अधिनियम-2021, में विवाह के माध्यम से जबरन या 'धोखाधड़ी' धर्मांतरण के लिए कड़ी सजा का प्रावधान किया गया। साथ ही कथित लव जिहाद के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई कराने का प्रावधान किया गया। इस मामले में सरकार को तब झटका लगा, जब पिछले महीने गुजरात उच्च न्यायालय ने कानून की कुछ विवादास्पद धाराओं पर रोक लगा दी। सरकार ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया।












Click it and Unblock the Notifications