' संस्थान एक शैक्षिक केंद्र नहीं बल्कि परिवार होता है...,' जानिए कुलपति ने क्यों कहा ऐसा?

DDU University Latest News Gorakhpur: दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के अंग्रेज़ी विभाग द्वारा हीरक जयंती के अवसर पर एलुमनी मीट 2025 का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पूर्व छात्रों ने संस्थान के प्रति अपने जुड़ाव और कृतज्ञता को व्यक्त किया, वहीं शिक्षकों और विद्यार्थियों ने अपने पूर्ववर्ती विद्वानों से प्रेरणा प्राप्त की।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बीएसएफ एवं एनआईए के डीआईजी, कीर्ति चक्र सम्मानित श्री नरेंद्र नाथ धर दुबे उपस्थित रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने की। इस अवसर पर विभाग के अध्यक्ष प्रो. अजय कुमार शुक्ला ने अपने संबोधन में पुरातन छात्रों के योगदान को सराहा और विभाग की उपलब्धियों को साझा किया।

ddu vc

कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने अपने संबोधन में कहा कि संस्थान केवल एक शैक्षिक केंद्र नहीं, बल्कि एक परिवार होता है, जो छात्रों को सिर्फ ज्ञान ही नहीं, बल्कि चरित्र, नैतिकता और एक मजबूत व्यक्तित्व भी प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि माता-पिता के बाद किसी भी व्यक्ति के जीवन में संस्थान का सबसे महत्वपूर्ण स्थान होता है, क्योंकि यही वह जगह है जो करियर और भविष्य को दिशा देती है।उन्होंने पूर्व छात्रों से संस्थान से जुड़े रहने और अपने अनुभवों को विद्यार्थियों के साथ साझा करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पूर्व छात्र संस्थान की नींव होते हैं, और उनकी सफलता ही किसी विश्वविद्यालय की सच्ची पहचान होती है।

मुख्य अतिथि नरेंद्र नाथ धर दुबे, जिन्होंने 2003 में भारतीय संसद हमले के मास्टरमाइंड ग़ाज़ी बाबा को मार गिराने में अहम भूमिका निभाई थी, ने अपने संबोधन में कहा कि एक छात्र के जीवन में राष्ट्रप्रेम और संस्थान के प्रति निष्ठा सबसे महत्वपूर्ण होती है।उन्होंने कहा कि छात्रों को सिर्फ एक डिग्री तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अपने समाज, संस्थान और देश के प्रति योगदान देने के लिए हमेशा तत्पर रहना चाहिए। उन्होंने देशभक्ति की भावना को मजबूत करने पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी राष्ट्र की ताकत उसके शिक्षित और कर्तव्यनिष्ठ नागरिकों में होती है।उन्होंने विश्वविद्यालय में आकर गर्व की अनुभूति व्यक्त की और कहा कि वह हमेशा अपने संस्थान के लिए उपलब्ध रहेंगे। उन्होंने यह भी साझा किया कि उनके जीवन पर आधारित बायोपिक "ग्राउंड ज़ीरो" अगले महीने रिलीज़ होने जा रही है, जिसे अमेज़न प्राइम पर भी प्रसारित किया जाएगा।उन्होंने अपने जीवन के संघर्षों को साझा करते हुए कहा कि एक सैनिक और खुफिया अधिकारी के रूप में उन्होंने अपना जीवन देश की सेवा में समर्पित किया है। उनकी वीरता और निष्ठा के लिए उन्हें कीर्ति चक्र, राष्ट्रपति पुलिस पदक, अति उत्कृष्ट सेवा पदक, और भारत सरकार द्वारा कई राष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हुए हैं।

अंग्रेज़ी विभाग के अध्यक्ष प्रो. अजय कुमार शुक्ला ने अपने स्वागत भाषण में कहा कि पुरातन छात्र किसी भी शैक्षणिक संस्थान की सबसे बड़ी पूंजी होते हैं। उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल एक मीटिंग नहीं, बल्कि एक भावनात्मक पुनर्मिलन है . उन्होंने कहा कि अंग्रेज़ी विभाग ने बीते वर्षों में कई विद्वानों, शिक्षकों, प्रशासकों और नीति-निर्माताओं को तैयार किया है, जो आज विभिन्न क्षेत्रों में अपना योगदान दे रहे हैं।

उन्होंने कहा कि विभाग हमेशा अपने छात्रों को सिर्फ शैक्षिक ज्ञान ही नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने की प्रेरणा भी देता रहा है। उन्होंने सभी पुरातन छात्र से संस्थान और विद्यार्थियों के मार्गदर्शन में सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया।

कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और माँ सरस्वती वंदना से हुई। इसके बाद, अंग्रेज़ी विभाग के अध्यक्ष प्रो. अजय कुमार शुक्ला ने सभी अतिथियों का स्वागत किया और एलुमनी मीट के महत्व पर अपने विचार साझा किए।

इसके पश्चात, पूर्व छात्रों को सम्मानित करने का कार्यक्रम हुआ, जिसमें कुलपति प्रो. पूनम टंडन एवं विभागाध्यक्ष प्रो. अजय कुमार शुक्ला ने सम्मान चिन्ह (मोमेंटो) प्रदान कर प्रतिष्ठित एलुमनी को सम्मानित किया।

इस अवसर पर विभागीय शिक्षकों के अतिरिक्त विभाग के पुरातन छात्र प्रो. वाचस्पति द्विवेदी, प्रो. राकेश पांडेय, डॉ. मधुलिका तिवारी, डॉ. तनु श्रीवास्तव, डॉ कुमार पंकज ,डॉ. दिवाकर तिवारी, डॉ रत्नेश पांडेय ,डॉ. अखंड कौशिक, डॉ. संतोष चंद, विजय चौरसिया, डॉ पुरुषोत्तम पांडेय , अमित श्रीवास्तव,रामकेश मौर्य ,अरुण मिश्रा, दिग्विजय शुक्ल, इंद्रेश यादव, धीरेंद्र गौड़ , सौरभ श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।

ni
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+