जानें कब-कब देश में दहशतगर्दों ने बांटी मौत
नयी दिल्ली। पंजाब में हुए आतंकी हमले ने एक बार फिर देशभर को हिलाकर रख दिया है। दहशतगर्दों ने एक बार फिर से मुबंई हमलों की याद को ताजा कर दिया है। मौत बांटते ये आतंकी ना तो मासूमों पर रहम खाते है और न ही लाचार लोगों पर। उनका मकसद सिर्फ लोगों में खौफ पैदा करना होता है।
ये कोई पहली बार नहीं है जब भारत आतंक के इस दर्द से जूझ रहा हो। इससे पहले भी कई बार आतंकियों ने देश को खौफ का दर्द दिया है। आपको उन 10 बड़े आतंकी हमलों के बारे में बताते है जिसने देश को खौफ का माहौल पैदा किया, कईयों की जानें ली और कभी न मिटने वाला दर्द छोड़ गए। तस्वीरों में देखिए देश के 10 बड़े आतंकी हमले...

महाराष्ट्र
मुंबई में जुलाई 2006 में ट्रेनों में 7 बम विस्फोटों हुए। आतंकियों ने ट्रेन में धमाके कर 200 से ज्यादा लोगों को अपना निशाना बनाया। इस हमले में 200 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई जबकि 700 लोग घायल हो गए।

मुंबई
मुंबई हमेशा ने आतंकियों के निशाने पर रही है। नवम्बर 2008 में आतंकियों ने 3 दिनों तक दहशत फैलाई। होटल ताज और छत्रपति शिवाजी रेलवे स्टेशन पर आतंकियों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई। इस हमले में 166 लोगों की मौत हो गई।

मालेगाँव
साल 2006 में मालेगांव में एक मस्जिद में विस्फोट कर 30 लोगों को मौत के गाट उतार दिया गया, जबकि 100 से ज्यादा लोग गंभीर रुप से घायल हो गए।

1993 मुंबई अटैक
देश के सबसे बड़े आतंकी हमले के तौर जाने जाने वाले 1993 का मुंबई अटैक के जरिए आतंकियों ने 250 से ज्यादा लोगों जानें ले ली। इस हमले में कई हाई प्रोफाइल लोगों के नाम जुड़ें।

झावेरी बाजार
25 अगस्त 2003 में आतंकियों ने एक साथ झवेरी बाजार और गेटवे ऑफ़ इंडिया के पास कारों में विस्फोटक रखकर धामाके किए, जिसमें 50 लोगों की मौत हो गई थी।

ट्रेनों में सिलसिलेवार धमाका
11 जुलाई 2006 को आतंकियों ने ट्रेनों में विस्फोटक रखकर लगातार 7 सिलसिलेवार धमाके किए, जिसमें तकरीबन 209 लोगों की मौत हो गई।

असम
30 अक्टूबर 2008 में असम में 18 आतंकवादी हमलों में कम से कम 77 लोग मारे गए थे।

नई दिल्ली
13 सितंबर 2008 के दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में आंतकियों ने बम धमाके किए। इन धमाकों में 26 लोगों की मौत हो गई।

दिवाली पर धमाका
अक्टूबर 2005 में दिल्ली में दीवाली से एक दिन पहले आतंकियों ने बाजारों में 3 धमाके कर 62 लोगों को मौत के घाट उतार दिया।

संसद पर हमला
13 दिसंबर 2001 में आंतकियों ने देश की संसद को निशाना बनाया। इस हमले में सुरक्षा में तैनात 9 पुलिसकर्मी और संसद कर्मचारी मारे गए|












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