Positive India: ऑनलाइन छात्रवृत्ति योजना..यानी कोई प्रतिभा पैसों के लिए दम ना तोड़े
बैंगलुरू। हम सभी जानते हैं कि अपना आने वाला कल अगर हमें सुरक्षित करना है तो हमें अपने आज पर पूरा ध्यान रखना होगा क्योंकि वर्तमान ही भविष्य की नींव है। इसलिए हमें अपने बच्चों का आज यानी वर्तमान को बेहतर बनाना है ताकि उनका कल सेफ हो क्योंकि बच्चे ही देश का भविष्य हैं।
Positive India..तो हर घर में जन्म लेगी सानिया और मैरीकॉम
ऑनलाइन छात्रवृत्ति योजना..यानी कोई प्रतिभा पैसों के लिए दम ना तोड़े..
इसलिए बच्चों के सुनहरे करियर पर पैसों की कमी के कारण ग्रहण ना लग जाये इस बात को ध्यान में रखते हुए भारत सरकार की ओर से उन्हें छात्रवृत्ति देकर वित्तीय मदद प्रदान करने की योजना चलाई गयी है। लेकिन शायद हम में से आधे लोगों को इस बात की जानकारी ही नहीं है। इसलिए आज हम 'पॉजीटिव इंडिया' में हम बात करेंगे 'ऑनलाइन छात्रवृत्ति योजना' के बारे में जिसका उद्देश्य ही बच्चों के सुनहरे करियर को संवारना है।
क्या है योजना?
पहले मेधावी छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति या वजीफा के लिए काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता था इसलिए भारत सरकार ने 'ऑनलाइन छात्रवृत्ति की योजना' बनायी है। यह एक राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल है, जो कि छात्र-छात्राओं को कुशल और पारदर्शी तरीके से शैक्षिक छात्रवृत्ति का लाभ उठानें में मदद करता है। इसे आप http://india.gov.in/ के जरिये देख भी सकते हैं।
उद्देश्य:
- छात्रों को छात्रवृत्ति का समय पर संवितरण सुनिश्चित करना
- केन्द्र और राज्य सरकारों के विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए एक पोर्टल प्रदान करना
- छात्रों का एक पारदर्शी डेटाबेस बनाना
- प्रसंस्करण में दोहराव से बचना
- विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं और मानदंडों में एकरूपता लाना
- प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण का अनुप्रयोग करना
राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल में उपलब्ध सेवाएं
- योजना की पात्रता
- छात्र पंजीकरण, संस्थान/कॉलेज पंजीकरण
- छात्र स्थिति की जॉच एवं शिकायत समाधान
- छात्र आवेदन पत्र का सत्यापन/संवीक्षा
- मेधाविता सूची बनाना (जहॉ लागू हो)
- योजना विन्यास
- सीजीए की सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली के साथ एकीकरण एवं राज्य कोषागारों तथा बैंकिंग प्रणाली के साथ एकीकरण (भविष्य में)
- छात्रों के लिए सरलीकृत प्रक्रिया
- सभी छात्रवृत्तियों की जानकारी एक जगह उपलब्ध
- सभी छात्रवृत्तियों के लिए एक एकीकृत आवेदन
- बेहतर पारदर्शिता
- प्रणाली वह योजना सुझाता है जिसके लिए छात्र योग्य है
- डुप्लिकेट अधिकतम सीमा तक कम किया जा सकता (आधार अनिवार्य कर दिया जाता है तो पूरी तरह से समाप्त किया जा सकता है)
- मानकीकरण में मदद करता है
- अखिल भारतीय स्तर पर संस्थानों और पाठ्यक्रमों के लिए मास्टर डेटा
- छात्रवृत्ति प्रसंस्करण
लोन
इन सबके अलावा यह पोर्टल यह भी बताता है कि छात्र-छात्राओं को पढ़ाई के लिए कब और कितना लोन मिल सकता है। इसके लिए पोर्टल के अंदर एक सब-पोर्टल है जिसका नाम है विद्या लक्ष्मी पोर्टल। जो कि हर तरह के ऋृण के बारे में बताता है। यह पोर्टल हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलबद्ध है।
'पॉजीटिव इंडिया'
भारत देश हमेशा से ही प्रतिभाओं का धनी रहा है। 'आर्यभट्ट' की धरती से ही 'सुंदर पिचाई' जैसे लोगों ने जन्म लिया है जिन्होंने भारत की तरक्की में एक नायाब पन्ना जोड़ा है। हर साल बिहार के 'सुपर 30' से मेधावी छात्र-छात्राओं का जकीरा निकलता है जो कि कल भारत की बुनियाद मजबूत करेगा। अगर पैसों की कमी को दूर कर दिया जाये तो हो सकता है कि 'सुंदर पिचाई' जैसे सैकड़ो बच्चे भारत का नाम दुनिया भर में रोशन करे। इसलिए सरकार की ओर से चलाई जा रहे इस खूबसूरत कदम की सराहना करनी चाहिए और उम्मीद की जानी चाहिए कि आने वाले दिनों में कोई प्रतिभा पैसों की वजह से दम नहीं तोड़ेगी।
Positive India: 'वन रैंक वन पेंशन योजना' .. देश को ए-वन करने की कोशिश













Click it and Unblock the Notifications