लता जी के निधन पर बोले उदित नारायण, वो देवी सरस्वती का अवतार थीं, इंडस्ट्री में दूसरी लता नहीं होगी
मुंबई, फरवरी 06। प्रसिद्ध गायिका लता मंगेशकर के निधन के बाद बॉलीवुड इंडस्ट्री में शोक की लहर है। म्यूजिक इंडस्ट्री की तमाम दिग्गज हस्तियों ने लता दीदी के निधन पर दुख प्रकट किया है। इस बीच इंडस्ट्री के एक और दिग्गज गायक उदित नारायण लता जी को श्रद्धांजलि देते हुए भावुक हो गए। उन्होंने कहा है कि ये घटना उनके लिए एक अपूर्णीय क्षति है, जिसकी कभी भरपाई नहीं हो सकेगी और इंडस्ट्री में दूसरी लता मंगेशकर पैदा नहीं होगी।

देवी सरस्वती का स्वरूप थी लता मंगेशकर- उदित नारायण
उदित नारायण ने कहा है कि आज जो खबर सुबह-सुबह मिली, उससे अधिक दुखद खबर और कोई नहीं हो सकती, लता जी देवी सरस्वती का अवतार रही हैं, इसलिए कोई और दूसरी लता मंगेशकर उनकी जगह नहीं ले पाएगी। उदित नारायण ने कहा कि म्यूजिक और फिल्म इंडस्ट्री के लिए लता जी का जाना बहुत बड़ी क्षति है। उदित नारायण ने कहा कि जब मैंने उनके साथ पहली बार गाना गाया था तो मुझे उस वक्त ही ये एहसास हुआ था कि मैं देवी सरस्वती के साथ गा रहा हूं, मैं धन्य हूं कि मुझे अपनी पीढ़ी से लता जी के साथ सबसे अधिक गाने गाने का मौका मिला।
Recommended Video

उदित नारायण ने बताई लता जी के साथ उनकी आखिरी बातचीत
आपको बता दें कि उदित नारायण ने एक न्यूज चैनल से बात करते हुए लता जी के साथ हुई उनकी आखिरी बातचीत को याद किया है। उदित नारायण ने बताया कि लता जी से उनकी आखिरी बातचीत फोन पर हुई थी, जब वो उनके चार बंगला स्थित LM स्टूडियो में गाना गा रहे थे। उदित नारायण ने बताया कि तभी लता जी ने आसपास के लोगों से फोन पर बोला था कि कौन गा रहा है, उनका ये बोलना मेरे लिए बहुत बड़ी बात थी। उस वक्त मैंने उनसे पूछा था कि दीदी आपका स्वास्थ्य कैसा है? तो उन्होंने कहा था कि अभी-अभी अस्पताल से आई हूं।

ऐसा लग रहा है मेरी मां नहीं रही- कुमार शानू
उदित नारायण के अलावा कुमार शानू ने भी लता जी के निधन पर शोक जताया है। उन्होंने कहा है कि आज मुझे ऐसा लग रहा है, जैसे मेरे सिर से मां का साया उठ गया हो। कुमार शानू ने कहा, "लता जी नहीं हैं। ऐसा लग रहा है कि मां नहीं है .. (लता जी नहीं रही। ऐसा लगता है कि मेरी मां नहीं हैं)।"

कोरोना और निमोनिया से संक्रमित थी लता मंगेशकर
आपको बता दें कि लता मंगेशकर का रविवार सुबह 8 बजे के करीब निधन हो गया। वो पिछले करीब एक महीने से मुंबई के कैंडी ब्रीच अस्पताल में भर्ती थी। उन्हें कोरोना को निमोनिया दोनों हुआ था। बीच में उनकी हालत में थोड़ा सुधार हुआ था, लेकिन फिर उनकी हालत बिगड़ी और वो फिर रिकवर नहीं कर पाईं। 92 साल की उम्र में लता जी ने आखिरी सांस ली। डॉक्टरों के मुताबिक, उनका मल्टीपर ऑर्गन फेल हो जाने के कारण उनका निधन हो गया।
ये भी पढ़ें: 'बस...मैं बेहोश हो गई', जब लता मंगेशकर ने बताई रिकॉर्डिंग स्टूडियो के अंदर की कहानी












Click it and Unblock the Notifications