दिल्ली में भाजपा की जीत में हैं ये 7 अड़ंगे
वर्तमान में दिल्ली की तीनों एमसीडी पर बीजेपी का कब्जा है। पिछले दो कार्यकाल से दिल्ली एमसीडी पर कब्जा जमाए बैठी बीजेपी की नजर एक बार फिर से इस पर काबिज होने की है।
नई दिल्ली। दिल्ली में नगर निगम चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है। 22 अप्रैल को एमसीडी के चुनाव होने हैं। इस मुकाबले में जीत के लिए दिल्ली की सत्ता संभाल रही आम आदमी पार्टी खासी मेहनत कर रही है। कांग्रेस भी एमसीडी चुनाव को लेकर अपनी रणनीति बनाने में जुटी हुई है। हालांकि सभी की निगाहें भारतीय जनता पार्टी पर है, आखिर बीजेपी एमसीडी चुनाव को लेकर क्या रणनीति अपनाती है?

22 अप्रैल को है दिल्ली एमसीडी चुनाव
वर्तमान में दिल्ली की तीनों एमसीडी पर बीजेपी का कब्जा है। पिछले दो कार्यकाल से दिल्ली एमसीडी पर कब्जा जमाए बैठी बीजेपी की नजर एक बार फिर से इस पर काबिज होने की है। ऐसे में पार्टी ने खास रणनीति के तहत अपने कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को जनता के सामने पेश करने की योजना बनाई है। हालांकि बीजेपी के सामने एक मुश्किल ये भी है कि उनके कार्यकाल में शुरु हुए कई प्रोजेक्ट अभी भी अधूरे हैं। देखिए वो प्रोजेक्ट जो बीजेपी के दौर में शुरू तो हुए लेकिन अभी तक पूरे नहीं हुए हैं...
रानी झांसी फ्लाईओवर का काम अधूरा
उत्तरी दिल्ली नगर निगम में आने वाले रानी झांसी फ्लाईओवर का काम अधूरा है। करीब 1.6 किमी. लंबा ये फ्लाईओवर फिल्मीस्तान सिनेमा को सेंट स्टीफेंस अस्पताल से जोड़ेगा। इस फ्लाईओवर का निर्माण कार्य 2008 में शुरु हुआ। जमीन कब्जाने में देरी और कुछ तकनीकि वजहों से इसके निर्माण में देरी हुई। फिलहाल इस फ्लाईओवर का 65 फीसदी काम पूरा हो चुका है।
फंड के चलते शाहदरा झील का काम प्रभावित
पूर्वी दिल्ली नगर निगम के अंतर्गत शाहदरा झील का निर्माण कार्य 2012 में शुरू हुआ हालांकि ये अभी भी अधूरा है। दिल्लीवासियों को प्राकृतिक सुंदरता और घूमने के लिहाज से इस प्रोजेक्ट की शुरूआत हुई। फिलहाल इस प्रोजेक्ट के प्रभावित होने की वजह समय पर फंड नहीं पहुंचना बताया जाता है।
तिमारपुर का बालक राम अस्पताल
तिमारपुर के बालक राम अस्पताल का निर्माण कार्य उत्तरी दिल्ली नगर निगम के अंतर्गत साल 2002 में शुरू हुआ। इस प्रोजेक्ट के तहत 200 बिस्तर वाले अस्पताल में अपग्रेड करने की योजना थी। इस प्रोजेक्ट में देरी के पीछे प्लान में बदलाव अहम वजह थी। इस प्रोजेक्ट की नीति बनाने में देरी से भी काम प्रभावित हुआ।
ताहिरपुर का अम्यूजमेंट पार्क
पूर्वी दिल्ली नगर निगम की निगरानी में ताहिरपुर अम्यूजमेंट पार्क का निर्माण कार्य होना था। जब इस प्रोजेक्ट की शुरूआत हुई तो माना जा रहा था कि ये पूर्वी दिल्ली का लैंडमार्क होगा। हालांकि इस प्रोजेक्ट में देरी के पीछे अहम वजह डीडीए और एमसीडी में एक राय नहीं बनना रहा। डीडीए और एमसीडी में सहमति नहीं बनने से इसका कार्य प्रभावित हुआ।
जंगपुरा में मल्टीलेवल कार पार्किंग लॉट
दक्षिण दिल्ली नगर निगम के अंतर्गत जंगपुरा मल्टीलेवल कार पार्किंग लॉट का निर्माण शुरू हुआ। इसमें 300 कारों को पार्क की सुविधा होगी। ये प्रोजेक्ट 2017 में शुरु हुआ। इस प्रोजेक्ट का करीब 80 फीसदी काम पूरा हो चुका है। फंड की कमी के चलते ये प्रोजेक्ट प्रभावित हुआ।
कालकाजी का पूर्णिमा सेठी अस्पताल
पूर्वी दिल्ली नगर निगम के तहत कालकाजी के पूर्णिमा सेठी अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू हुआ। इस अस्पताल में मल्टी स्पेशियलिटी सर्विसेज उपलब्ध कराने की योजना है। इस प्रोजेक्ट की शुरूआत 2007 में हुई। इस प्रोजेक्ट के भी प्रभावित होने के पीछे फंड की कमी अहम वजह रही।
पीतमपुरा के रानी मार्केट और शिवा मार्केट में पार्किंग की व्यवस्था
उत्तरी दिल्ली नगर निगम की निगरानी में पीतमपुरा के रानी मार्केट और शिवा मार्केट में पार्किंग की व्यवस्था का काम शुरू हुआ। इस योजना के जरिए इन जगहों पर क्रमश: 600 और 500 वाहनों को खड़ा करने के लिए पार्किंग बनाने की योजना थी। ये प्रोजेक्ट का काम 2008 से रुका हुआ है। इस प्रोजेक्ट का काम प्रभावित होने के पीछे मुख्य वजह टेंडर को लेकर अधिकारियों का रवैया रहा।












Click it and Unblock the Notifications