बिहार: BSRTC में सुरक्षित सफ़र कर सकेंगी महिलाएं, बसों की हो रही लाइव ट्रैकिंग
बिहार की बसों में पहले के मुक़ाबले अब महिलाएं सफ़र करने में ज्यादा सुरक्षित महसूस करेंगी।
पटना, 28 अप्रैल 2022। बिहार की बसों में पहले के मुक़ाबले अब महिलाएं सफ़र करने में ज्यादा सुरक्षित महसूस करेंगी। बसों में महिलाओं के सुरक्षित सफ़र के लिए बिहार सरकार ने बसों की लाइव ट्रैकिंग के साथ महिलाओं के लिए इमरजेंसी बटन की भी सुविधा दी गई है। आपको बता दें कि अब पायलट प्रोजेक्ट के तहत कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से बस के लोकेशन और ओवरस्पीड समेत पल पल की जानकारी मिलती रहेगी। परिवहन मंत्री शीला कुमारी के पायलट प्रोजेक्ट का उद्घाटन करने के बाद पटना से बसों मे लाइव ट्रैकिंग की शुरुआत की गई है।

बसों की हो रही रियल टाइम मॉनीटरिंग
बिहार में फिलहाल बिहार राज्य पथ परिवहन निगम की बसों की ही रियल टाइम मानीटरिंग की जा रही है। आगामी कुछ दिनों में प्रदेश के अन्य शहरों में संचालित सार्वजनिक बसों में भी लाइव ट्रैकिंग की सुविधा की शुरुआत की जाएगी। परिवहन मंत्री ने बताया कि सार्वजनिक परिवहन के वाहनों में महिलाओं एवं यात्रियों की सुरक्षा के उद्देश्य से व्हीकल लोकशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) और इमरजेंसी बटन लगाया जाना अनिवार्य किया गया है। इससे सार्वजनिक परिवहन के वाहनों की कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के जरिए लाइव मानीटरिंग की जा सकेगी।
प्राइवेट बसों में भी लगेगा VLTD और इमरजेंसी बटन
1 जनवरी 2019 के बाद बिहार में पंजीकृत सभी प्राइवेट परिवहन की बसों मे वाहनों में वीएलटीडी और इमरजेंसी बटन लगे आ रहे हैं। इसके साथ 2019 के पहले से पंजीकृत सभी प्राइवेट परिवहन के वाहनों मे वीएलटीडी और इमरजेंसी बटन लगाना अनिवार्य किया गया है। ग़ौरतलब है कि 1 अगस्त 2022 तक सभी प्राइवेट बसों में भी यह उपकरण लगा रहना ज़रूरी कर दिया गया है। परिवहन सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने बताया कि निर्भया फ्रेमवर्क के तहत सार्वजनिक परिवहन की गाडिय़ों में वीएलटीडी और इमरजेंसी बटन लगाने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही स्कूल बसों में भी स्कूली छात्र-छात्राओं की सुरक्षा के लिए पैनिक बटन लगाने का निर्देश दिया जाएगा।
जियो फेसिंग और साफ्टवेयर के जान सकेंगे वाहन की स्थिति
महिलाओं की सुरक्षा के मद्देनज़र सार्वजनिक परिवहन की गाडियां जैसे कि बस, कैब, और टैक्सी में इमरजेंसी बटन लगाया जा रहा है। ताकि परिवहन की गाड़ियों में सफर करने वाली महिलाओँ को किसी भी तरह का ख़तरा महसूस हो त वह बटन दबा सकें। इमरजेंसी बटन दबाने से कंट्रोल कमांड सेंटर में अलार्म बजेगा और मदद के लिए पुलिस तुरंत पहुंच सकेगी। ग़ौरतलब है कि उपकरण के साथ छेड़छाड़ या तोड़फोड़ करने पर भी अलर्ट जारी होगा। वाहन के हर मूवमेंट को जियो फेसिंग और साफ्टवेयर के ज़रिए से मैप पर देखा जा सकेगा। इसके साथ ही साफ्टवेयर द्वारा अपने वाहनों की स्थिति का वाहन मालिक भी पता कर सकंगे। वहीं ओवरस्पीड राइड करने पर भी कंट्रोल एंड कमांड सेंटर सूचना प्राप्त हो जाएगी।
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