बेगूसराय जिला के सभी ग्राम कचहरी अनिश्चितकाल के लिए बंद, सरपंच संघ ने इस वजह से लिया फ़ैसला
सरीता कुमारी ने कहा कि हाल ही में सरपंच मीना देवी (धनकौल पंचायत, तेघड़ा प्रखंड) के बेटे की अपराधियों द्वारा हत्या कर दी गई। अभी तक आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई है। अपराधी बेखौफ हो कर कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ा रहे..
बेगूसराय, 13 सितंबर 2022। बेगूसराय जिला के सरपंच संघ ने सरपंचों को सुरक्षा दिलाने की मांग को लेकर ग्राम कचहरी कार्यालय बंद कर दिया है। वन इंडिया हिंदी से खास बातचीत में सरीता कुमारी (सरपंच नूरपुर, उपाध्यक्ष बरौनी प्रखंड) ने कहा संविधान के मुताबिक सरपंचों को ग्राम कचहरी में आवेदन अनुसार कुछ फैसला करने का हक तो मिला है, लेकिन उनकी सुरक्षा के मद्देनज़र कोई क़दम नहीं उठाए गए हैं। ग्राम कचहरी संचालित करने के वक्त सुनवाई के दौरान काफी परेशानियों का सामन करना पड़ता है। ग्राम कचहरी में सुनवाई के लिए कई तरह के लोग आते हैं जिसमें असमाजिक तत्व भी रहते हैं।

सपरंपच के बेटे की निर्मम हत्या
सरीता कुमारी ने कहा कि हाल ही में सरपंच मीना देवी (धनकौल पंचायत, तेघड़ा प्रखंड) के बेटे की अपराधियों द्वारा हत्या कर दी गई। अभी तक आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई है। अपराधी बेखौफ हो कर कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ा रहे हैं। प्रदेश सरकार की तरफ़ से सरपंचों को सुरक्षा व्यवस्था मुहैया कराई जानी चाहिए। क्योंकि ग्राम कचहरी में दो पक्षों के विवाद में सुनवाई के बाद एक पक्ष की नाराज़गी स्वाभाविक है। इसके पीछे वजह यह है कि ग्राम कचहरी को दिए गए आवेदन में दोनो पक्ष सही नहीं हो सकता है। किसी एक पक्ष के खिलाफ फैसला होता ही है। ऐसे में आवेदन पर सुनवाई के बाद जान का खतरा बना रहता है।
2 सितंबर से ही बंद है ग्राम कचहरी कार्यालय
सरीता कुमारी ने कहा कि जब जनप्रतिनिधि (सरपंच) ही महफूज़ नहीं रहेंगे तो समाज में बुराइयों पर लगाम कैसे लगा पाएंगे। संविधान के मुताबिक सरपंच को सिमित फ़ैसला करने का अधिकार तो है लेकिन सरकार की तरफ़ से उचित सुविधा मुहैय्या नहीं की जा रही है। प्रदेश के सभी जिलों के गांवों ग्राम कचहरी नहीं बना हुआ है। इस वजह से कई पंचायतों में निजी जगह पर ग्राम कचहरी का संचालन करना पड़ता है। निजी स्थान पर ग्राम कचहरी के संचालन पर किराया के तौर पर सरकार की तरफ़ से एक हज़ार रुपया हर महीने देने की घोषणा की गई थी। लेकिन उस राशि का भुगतान नहीं हो रहा है। सरकार द्वारा सरपंचों को सुरक्षा के साथ-साथ सुविधाओं की मांग को लेकर ग्राम कचहरी कार्यालय में काम बंद किया गया है। आपको बता दें कि 2 सितंबर से ही जिला के सभी सरपंच ने ग्राम कचहरी कार्यालय बंद कर रखा है।
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