Champat Rai Resignation: 'चंपत राय हों या मंपत, जेल जाएंगे', राम मंदिर चोरी मामले में बोले नीतीश के करीबी
Champat Rai Resignation: राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी मामले की जांच अब सियासी रंग भी लेने लगी है। अयोध्या में दर्ज एफआईआर और ट्रस्ट महासचिव चंपत राय के इस्तीफे के बाद विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। इस बीच बिहार में भी इस मुद्दे की गूंज सुनाई देने लगी है। जेडीयू एमएलसी नीरज कुमार ने साफ कहा कि, 'चंपत राय हों या मंपत राय, अगर अपराध किया है तो जेल जाना पड़ेगा।'
वहीं जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने भी कहा कि भगवान राम करोड़ों लोगों की आस्था हैं और चढ़ावे में गड़बड़ी करने वालों को किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। अब सबकी नजर एसआईटी जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी है।

'चंपत राय हों या मंपत राय, कानून सबके लिए बराबर'
राम मंदिर चढ़ावा मामले पर जेडीयू एमएलसी नीरज कुमार ने बेहद सख्त बयान दिया। उन्होंने कहा कि भगवान राम के नाम पर लोगों ने श्रद्धा से जो दान दिया है, उसका गलत इस्तेमाल करना सबसे बड़ा विश्वासघात है। उन्होंने दो टूक कहा कि अगर किसी के खिलाफ सबूत मिलते हैं तो चाहे वह चंपत राय हों या कोई और, कानून अपना काम करेगा और दोषियों को जेल जाना ही पड़ेगा। साथ ही उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को कानून के साथ भगवान राम का दंड भी भुगतना पड़ेगा।
ये भी पढे़ं: Champat Rai Caste: केमिस्ट्री प्रोफेसर कैसे बना रामलला का 'पटवारी'? क्या है जाति? चंदा चोरी विवाद में इस्तीफा
संजय झा बोले- आस्था से खिलवाड़ करने वालों को नहीं मिलेगी राहत
राज्यसभा सांसद और जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा कि राम मंदिर देश के करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र है। अगर किसी ने चढ़ावे या दान में गड़बड़ी की है तो सरकार पहले ही जांच शुरू कर चुकी है। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद जो भी दोषी मिलेगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी। उन्होंने साफ किया कि ऐसे मामलों में किसी को भी बचाने की कोशिश नहीं की जाएगी।
Ram Mandir Donation Theft Case में आठ लोगों के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की शिकायत पर अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि थाने में आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपियों पर चोरी, आपराधिक विश्वासघात और आपराधिक साजिश जैसी बीएनएस की धाराएं लगाई गई हैं। पुलिस के मुताबिक फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, लेकिन अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। मामले की जांच एसआईटी की निगरानी में आगे बढ़ रही है।
ये भी पढ़ें: Ram Mandir Donation Scam: राम मंदिर घोटाले में Tinnu Yadav समेत 8 अरेस्ट में कौन-कौन? Champat Rai का इस्तीफा
एफआईआर में कौन-कौन शामिल, चंपत राय का नाम नहीं
एफआईआर में रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव, मनीष यादव, अनुकल्प मिश्र, लवकुश मिश्र, सुभाष श्रीवास्तव, करुणेश पांडेय, रमाशंकर मिश्र और अविनाश शुक्ल के नाम शामिल हैं। इनमें टिन्नू यादव को चंपत राय का करीबी और ड्राइवर बताया जा रहा है। हालांकि एफआईआर में चंपत राय का नाम नहीं है। इसके बावजूद उनके इस्तीफे के बाद विपक्ष लगातार ट्रस्ट की कार्यप्रणाली और जवाबदेही पर सवाल उठा रहा है।
योगी सरकार की सख्ती, एसआईटी कर रही गहराई से जांच
राम मंदिर में कथित दान और चढ़ावा चोरी का मामला सामने आने के बाद ट्रस्ट ने खुद विशेष जांच की मांग की थी। इसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर एसआईटी बनाई गई। सरकार ने साफ कहा है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष होगी और "दूध का दूध, पानी का पानी" किया जाएगा। शुरुआती रिपोर्ट सरकार को सौंप दी गई है और अब जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की तैयारी चल रही है।












Click it and Unblock the Notifications