कोटिया पंचायत चुनाव: आंध्र प्रदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची ओडिशा सरकार, क्या सुलझेगा समाधान?
भुवनेश्वर। आंध्र प्रदेश और ओडिशा के बीच विवादित हिस्से कोरापुट जिले में कोटिया ग्राम पंचायत चुनाव को लेकर ओडिशा सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रूख कर लिया है। आपको बता दें कि आंध्र प्रदेश ने कोटिया ग्राम पंचायत के तीन गांवों में पंचायत चुनाव कराने का ऐलान किया था। इस घोषणा का ओडिशा सरकार ने शुरू से ही विरोध किया, क्योंकि कोरापुट और गजपति जिले को लेकर आंध्र और ओडिशा के बीच विवाद है। अब इसी विवाद के समाधान के लिए ओडिशा सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

सुप्रीम करेगा विवाद का समाधान
ओडिशा में कानून विभाग के उप सचिव भागबन नायक ने एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड सिबो शंकर मिश्रा को पत्र लिखकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करने को कहा है। बता दें कि सिबो शंकर मिश्रा ओडिशा सरकार द्वारा सर्वोच्च न्यायालय में अनुसूचित जाति के वकील हैं। अब देखने वाली बात होगी कि सुप्रीम कोर्ट इस विवाद का कैसे समाधान करता है।
आंध्र प्रदेश और ओडिशा करते रहते हैं अपने अधिकार का दावा
आपको बता दें कि आंध्र प्रदेश ओर ओडिशा के बीच कोटिया ग्राम पंचायत को लेकर अपने अधिकारों का दावा किया जाता है। इस ग्राम पंचायत में 28 गांव शामिल हैं। ओडिशा सरकार कहती है कि तीन गांव उसके अधिकार क्षेत्र में हैं, जबकि आंध्र प्रदेश का कहना है कि वो विजयनगरम जिले में सालुर मंडल के तहत स्थित हैं। ओडिशा सरकार आंध्र प्रदेश सरकारों पर आरोप लगाती रही है कि वह गांवों के कोटिया समूह के निवासियों को अतिरिक्त राशन और अन्य लाभ देकर लालच देती है। हाल ही में ओडिशा सरकार ने कोरापुट जिले के कोटिया ग्राम पंचायत के लिए 150 करोड़ रुपए के आर्थिक पैकेज की घोषणा की थी।
आंध्र सरकार ने पंचायत चुनाव कराने का किया है ऐलान
ये विवाद अब और गहरा इसलिए हो गया है, क्योंकि आंध्र प्रदेश सरकार ने कोरापुट और गजपति जिले के कुछ गांवों में 13 और 17 फरवरी को पंचायत चुनाव कराने का ऐलान किया है। हाल ही में ओडिशा सरकार के मंत्री सुदाम मरांडी ने कहा था कि हम अपने राज्य की एक इंच जमीन को भी पड़ोसी राज्यों के पास नहीं जाने देंगे।












Click it and Unblock the Notifications