Bhopal MP News: LPG संकट से बदली भोपाल की रसोई, 3 दिनों में 20 हजार इंडक्शन बिके, बाजार में स्टॉक खत्म
Bhopal LPG News: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में रसोई का परिदृश्य तेजी से बदलता नजर आ रहा है। घरेलू और कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की किल्लत के बीच लोगों ने खाना पकाने के लिए अब इंडक्शन कुकटॉप और अन्य इलेक्ट्रिक उपकरणों का सहारा लेना शुरू कर दिया है।
बीते तीन दिनों में शहर में करीब 20,000 इंडक्शन कुकटॉप बिक चुके हैं। इसमें लगभग 8,000 यूनिट ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स के जरिए और 12,000 यूनिट ऑफलाइन मार्केट से खरीदी गई हैं। अचानक बढ़ी मांग के कारण इलेक्ट्रॉनिक्स दुकानों में स्टॉक तेजी से खत्म हो गया है और कई जगहों पर इंडक्शन कुकटॉप की कालाबाजारी भी शुरू हो गई है।

गैस संकट से बढ़ी इंडक्शन की मांग
वैश्विक स्तर पर ईंधन आपूर्ति को लेकर तनाव बढ़ने का असर अब स्थानीय बाजारों पर भी दिखाई देने लगा है। ईरान, अमेरिका और इसराइल के बीच बढ़ते तनाव और ऊर्जा आपूर्ति की अनिश्चितता ने एलपीजी सप्लाई चेन को प्रभावित किया है। भोपाल में घरेलू गैस सिलेंडर की डिलीवरी में देरी और कमर्शियल सिलेंडरों की कमी के कारण लोग अब वैकल्पिक साधनों की तलाश कर रहे हैं। यही वजह है कि इंडक्शन कुकटॉप, इलेक्ट्रिक स्टोव, माइक्रोवेव, ई-तंदूर और एयर फ्रायर जैसे उपकरणों की मांग अचानक बढ़ गई है।
80 प्रतिशत तक बढ़ी इलेक्ट्रिक कुकिंग अप्लायंसेज की बिक्री
शहर के इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार से मिली जानकारी के अनुसार एलपीजी संकट के बाद इलेक्ट्रिक कुकिंग उपकरणों की बिक्री में करीब 80 प्रतिशत तक उछाल दर्ज किया गया है।
भोपाल में लगभग 708 इलेक्ट्रॉनिक्स दुकानें और 30 से अधिक इंडक्शन स्टोव के विशेष डीलर हैं। इनमें से ज्यादातर दुकानों में अब इंडक्शन का स्टॉक खत्म हो चुका है। रिटेलर्स का कहना है कि नई सप्लाई आने में 4 से 7 दिन का समय लग सकता है।
दुकानों में लंबी कतारें, ऑनलाइन भी "सोल्ड आउट"
शहर के बड़े रिटेल स्टोरों में भी अचानक भीड़ बढ़ गई है। एक बड़े रिटेल स्टोर के इन्वेंट्री मैनेजर संतोष लोधी के अनुसार, "पिछले कुछ दिनों में इंडक्शन की मांग अचानक बढ़ गई है। अकेले हमारे स्टोर में 250 से ज्यादा यूनिट बिक चुकी हैं। लोग बैकअप के तौर पर इंडक्शन खरीद रहे हैं।"
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भी स्थिति अलग नहीं है। क्विक-कॉमर्स कंपनियों के ऐप्स पर इंडक्शन कुकटॉप और इलेक्ट्रिक स्टोव के सामने 'Sold Out' या 'Unavailable' का संदेश दिख रहा है।
क्विक कॉमर्स कंपनियों के डार्क स्टोर भी खाली
भोपाल में क्विक-कॉमर्स कंपनियों के करीब 20 से अधिक डार्क स्टोर हैं, जहां से 10-15 मिनट में डिलीवरी की सुविधा दी जाती है। इनमें प्रमुख कंपनियां शामिल हैं:
Blinkit - लगभग 10 डार्क स्टोर
- Swiggy Instamart - करीब 8 डार्क स्टोर
- Zepto
- BigBasket
इन सभी प्लेटफॉर्म्स के डार्क स्टोर्स में इंडक्शन और अन्य इलेक्ट्रिक कुकिंग अप्लायंसेज का स्टॉक लगभग खत्म हो चुका है।
कीमतों में उछाल और कालाबाजारी की शुरुआत
मांग बढ़ने के साथ ही बाजार में कीमतों में भी तेजी देखने को मिल रही है। कुछ सप्ताह पहले ₹1499 में मिलने वाला बेसिक इंडक्शन कुकटॉप अब ₹2000 या उससे अधिक में बिक रहा है। प्रीमियम मॉडल की कीमतें ₹3000 से ₹4000 तक पहुंच गई हैं। कुछ दुकानों पर स्टॉक छिपाकर ज्यादा कीमत वसूलने की शिकायतें भी सामने आ रही हैं।ऑफलाइन मार्केट में कई जगह ग्राहकों को इंडक्शन खरीदने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
होटल और ढाबे भी इंडक्शन पर शिफ्ट
गैस की कमी का असर सिर्फ घरों तक सीमित नहीं है। शहर के कई होटल, ढाबे और चाय की दुकानों ने भी अस्थायी रूप से इंडक्शन कुकटॉप का इस्तेमाल शुरू कर दिया है। रेस्टोरेंट संचालकों का कहना है कि अगर गैस की सप्लाई सामान्य नहीं हुई तो उन्हें इलेक्ट्रिक कुकिंग पर ही निर्भर रहना पड़ेगा, हालांकि इससे बिजली का खर्च काफी बढ़ जाएगा।
आम लोगों की बढ़ी परेशानी
- एलपीजी संकट का असर सीधे आम लोगों की दिनचर्या पर पड़ रहा है।
- घरेलू सिलेंडर के लिए कई जगह 5 से 7 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है।
- छोटे ढाबों और चाय की दुकानों के सामने कारोबार बंद होने का खतरा खड़ा हो गया है।
- इलेक्ट्रॉनिक्स दुकानों में बढ़ती भीड़ से कई जगह ट्रैफिक और अव्यवस्था की स्थिति भी बन रही है।
सरकार का दावा: घरेलू LPG की कमी नहीं
सरकारी अधिकारियों का कहना है कि घरेलू एलपीजी की सप्लाई में कोई बड़ी कमी नहीं है। उनका मानना है कि पैनिक बुकिंग और अफवाहों के कारण बाजार में अस्थायी संकट की स्थिति बन गई है। हालांकि उपभोक्ताओं का कहना है कि उन्हें समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है, इसलिए वे मजबूरी में इंडक्शन कुकटॉप खरीद रहे हैं।
क्या इंडक्शन बनेगा स्थायी विकल्प?
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर वैश्विक ऊर्जा संकट लंबा खिंचता है और आपूर्ति बाधित रहती है, तो इंडक्शन कुकटॉप और अन्य इलेक्ट्रिक कुकिंग उपकरणों की मांग और बढ़ सकती है। फिलहाल भोपाल में इंडक्शन को लोग "बैकअप नहीं बल्कि सर्वाइवल टूल" की तरह देखने लगे हैं। आने वाले दिनों में सप्लाई चेन सामान्य होती है या नहीं, इस पर शहर की रसोई का भविष्य काफी हद तक निर्भर करेगा।












Click it and Unblock the Notifications