भोपाल सहित मध्यप्रदेश के कई जिलों में अलर्ट जारी, मौसम विभाग ने जताई भारी वर्षा की संभावना
मध्य प्रदेश में मौसम विभाग ने भोपाल संभाग सहित कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है। इसको लेकर मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है।
भोपाल,11 जुलाई। मध्य प्रदेश में मौसम विभाग ने एक बार फिर भारी बारिश की संभावना जताई है। मौसम वैज्ञानिक के अनुसार नर्मदापुरम, भोपाल, इंदौर,जबलपुर और शहडोल संभागों के जिलों में तथा पन्ना, दमोह,सागर,रतलाम, उज्जैन व देवास जिलों में कहीं-कहीं भारी से अति भारी वर्षा एवं गरज के साथ बिजली चमकने/गिरने की संभावना है।

राजधानी भोपाल में बंगाल की खाड़ी के ओडिशा काेस्ट में कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके अलावा अलग-अलग स्थानाें पर भी तीन मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। इस वजह से मध्यप्रदेश के कुछ जिलाें में अच्छी वर्षा हाे रही है। इसी क्रम में शनिवार रात एक बजे तेज वर्षा शुरू हुई। सुबह तक राजधानी में करीब पांच इंच वर्षा दर्ज की गई।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक साेमवार और मंगलवार काे नर्मदापुरम, जबलपुर एवं शहडाेल संभागाें के जिलाें में भारी वर्षा हाेने की संभावना है। भाेपाल, इंदौर, उज्जैन संभागाें के जिलाें में मध्यम वर्षा हाे सकती है। उधर सोमवार काे सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक ग्वालियर में 21.9, धार में 10, नरसिंहपुर में नौ, मलाजखंड में छह, सागर में तीन, सिवनी में तीन, मंडला में एक, उज्जैन में 0.6, बैतूल में 0.5,मिलीमीटर वर्षा हुई।
मौसम विज्ञान केंद्र की वरिष्ठ मौसम विज्ञानी डा. ममता यादव ने बताया कि वर्तमान में मानसून ट्रफ गुना, जबलपुर से हाेकर गुजर रही है। ओडिशा में कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इस वजह से बंगाल की खाड़ी से बड़े पैमाने पर नमी आने का सिलसिला बना हुआ है। इस वजह से राजधानी सहित मप्र के दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र के जिलाें में वर्षा हाे रही है। मंगलवार से कम दबाव के क्षेत्र के आगे बढ़ने की संभावना है। उसके प्रभाव से वर्षा की गतिविधियाें में और तेजी आएगी।
ये मौसम प्रणालियां हैं सक्रिय
मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक वेद प्रकाश ने बताया कि वर्तमान में ओडिशा तट पर एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। मानसून ट्रफ बीकानेर, काेटा, गुना, जबलपुर पेंड्रा राेड से हाेकर बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र तक बना हुआ है। कर्नाटक से लेकर गुजरात तक अपतटीय ट्रफ बना हुआ है। इसके अतिरिक्त महाराष्ट्र पर विपरीत दिशा की हवाओं (पूर्व-पश्चिम) का टकराव हाे रहा है। इन चार मौसम प्रणालियाें के असर से प्रदेश के विभिन्न जिलाें में वर्षा हाे रही है।












Click it and Unblock the Notifications