कर्नाटक में हुआ शिवाजी महाराज की मूर्ति का अपमान, सीएम बोले- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने शनिवार को बेंगलुरु में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा का कथित अपमान करने के मद्देनजर कर्नाटक सरकार की ओर से तत्काल कार्रवाई की मांग की।
मुंबई, 18 दिसंबर। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में शिवाजी महाराज की मूर्ति के कथित अपमान पर कर्नाटक सीएम ने कहा है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने इस घटना की निंदा करते हुए गृह मंत्री अरागा ज्ञानेंद्र को दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया। शिवाजी महाराज की मूर्ति के अपमान और उसके बाद हुई तोड़फोड़ की घटनाओं में अभी तक 27 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

उद्धव ठाकरे ने की थी पीएम के हस्तक्षेप की मांग
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने शनिवार को बेंगलुरु में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा का कथित अपमान करने के मद्देनजर कर्नाटक सरकार की ओर से तत्काल कार्रवाई की मांग की। उन्होंने "कन्नड़ अत्याचारों" और "विकृत मानसिकता" को रोकने में प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के हस्तक्षेप की मांग की।
शिवाजी महाराज का अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा
शिवसेना प्रमुख ठाकरे ने कहा कि कि शिवाजी महाराज न केवल महाराष्ट्र के बल्कि पूरे देश के आदर्श हैं। उन्होंने कहा कि मराठा साम्राज्य के संस्थापक का कोई भी अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। खबरों के अनुसार 17वीं शताब्दी के राजा शिवाजी महाराज की मूर्ति का कर्नाटक की राजधानी में अपमान किया गया है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि इस घटना के बाद बेलगावी में आधी रात के करीब भीड़ ने पुलिस और सरकारी वाहनों पर हमला किया। बता दें कर्नाटक के सीमावर्ती इलाकों जैसे बेलगावी को लेकर दोनों राज्यों में सीमा विवाद चल रहा है।
यह भी पढ़ें: कर्नाटक के 2 शिक्षण संस्थानों में मिले कोरोना के 33 मरीज, इसमें से 6 हैं ओमिक्रॉन पॉजिटिव
पीएम मोदी से की हस्तक्षेप की मांग
इस घटना को लेकर उद्धव ठाकरे ने कहा कि पीएम मोदी को इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। इस मामले को हल्के में नहीं लिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ सालों से कर्नाटक में मराठी भाषी लोगों के साथ अत्याचार हो रहा है। अब छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति का भी अपमान किया गया है। उन्होंने कहा कि भाजपा शासित राज्य में ऐसा हुआ है। मराठी गौरव को चोट पहुंचाना बहुत महंगा पड़ेगा। केंद्र सरकार को दोहरा मापदंड छोड़ कर कड़े कदम उठाने चाहिए।
शिवाजी महाराज के अपमान पर बेकाबू हुई भीड़, पुलिस पर किया हमला
इस पूरी घटना को लेकर बेलगावी के डीसीपी विक्रम आमटे ने कहा कि इस घटना के बाद पिछली रात कुछ लोग संभाजी सर्किल के पास इकट्ठा हो गए। उन्होंने शिवाजी महाराज का अपमान करने वालों पर कार्रवाई की मांग की। हमने उन्हें शरारती तत्वों पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया, लेकिन इसके बाद भी उन्होंने पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया और पुलिस की और प्राइवेट गाड़ियों को भी तोड़ दिया।
केवल चुनावी लाभ के लिए शिवाजी का सम्मान करती है भाजपा
इस पूरी घटना पर एनसीपी नेता और कैबिनेट मंत्री छगन भुजबल ने कहा कि भाजपा शिवाजी महाराज का इस्तेमाल केवल अपने चुनाव प्रचार के लिए करती है।












Click it and Unblock the Notifications