ताजमहल का दीदार करने वाले बना रहे हैं नये रिकार्ड
आगरा। दुनिया के सात अजूबों में शामिल ताजमहल हमेशा से भारत का गौरव रहा है। इसके चाहने वालों के दीवानेपन का अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि यह पर्यटन के क्षेत्र में कई रिकॉर्ड गढ़ चुका है। ताजमहल की लोकप्रियता हमेशा से भारत के अन्य पुरास्मारकों में सबसे ज्यादा रही है। लिहाजा, इसके प्रति लोगों का आकर्षण और तेजी के साथ बढ़ता नजर आ रहा है।

16 अगस्त को ताज देखने पहुंचे पर्यटकों की संख्या ने पिछले सभी रिकार्ड तोड़ दिये। जब एक ही दिन में 50,000 से ज्यादा लोगों ने इसकी दीदार किया। इससे पहले इसे देखने पहुंचने वालों की संख्या का रिकार्ड 10 अगस्त 2013 का है जब 45, 312 पर्यटकों ने ताज की खूबसूरती को निहारा था।
राजस्व का भी बन चुका है नया रिकार्ड
ताजमहल को देखने आने वाले पर्यटकों की संख्या राजस्व की दृष्टि से भी अपने आप में महत्वपूर्ण है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पिछले वित्तीय वर्ष में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ए एस आई) को देश के 20 मुख्य पुरास्मारकों से 80.01 करोड रुपये की आय हुई ,जिसमें केवल ताजमहल के लिये बिके टिकटों का योगदान 21,84 करोड रुपये का है। यह राशि देश के किसी भी अन्य पुरास्मारक से संग्रहित राशि में सबसे अधिक है।
सुर्खियों में बने रहने से बढे पर्यटक
ताजमहल हमेशा ही सुर्खियों में बना रहता है। कभी चांदनी रात में अपने खूबसूरती के लिए तो कभी किसी नए इंतजाम के लिए। लिहाजा, इसका सूर्खियों में बने रहना भी इसके पर्यटकों को आगरा तक खींच लाता है। ताजमहल से जुड़ी हर सुर्खी के बाद दर्शक इसे एक बार फिर से देखने जाने को बेताब हो जाते हैं जो इसे पहले भी देख चुके हैं।
ताज की खूबसूरती के आगे असुविधायें नजरअंदाज
आगरा एक पुराना मुगल कालीन शहर है, फलस्वरूप सड़क परिवहन सहित यहां कि कई सुविधायें भी सीमित क्षमता वाली और पुरानी हैं, जिससे आने वालों को अनेक बार मुश्किलों का सामना भी करना पडता है। लेकिन इसके बढ़ते पर्यटकों की संख्या देखते हुए लगता है कि ताजमहल देखने के उत्साह के आगे ये सभी परेशानियां महत्वहीन हो जाती हैं।












Click it and Unblock the Notifications