हत्यारे को जहरीले इंजेक्शन से दी सजा ए मौत

53 वर्ष के रिचर्ड लीविट को सजा देने के क्रम में उसकी श्वसन और हृदय गति को मापने के लिए उसके शरीर में इलेक्ट्रोड लगाए गए। हाल के वर्षों में घातक इंजेक्शन के जरिए मौत की सजा देने का विरोध बढ़ा है। सजा के विरोधी इंजेक्शन के प्रभाव और मौत की सजा को अंजाम देने वाली टीम के प्रशिक्षण पर सवाल उठाते हैं।
दूसरी ओर, इसके समर्थकों का कहना है कि घातक इंजेक्शन दर्द रहित है और किसी को मारने का यह प्रभावी तरीका है। खुद को सजा दिए जाने के समय लीविट ने जेल अधिकारियों से बात की लेकिन प्रत्यक्षदर्शी यह नहीं सुन सके कि उसने क्या कहा। इस दौरान प्रत्यक्षदर्शी के रूप में कुछ मीडियाकर्मी भी मौजूद थे। लीविट ने अपने अंतिम समय में कोई अंतिम बयान देने और किसी आध्यात्मिक सलाहकार से बात करने से इनकार कर दिया।












Click it and Unblock the Notifications