सिरसा में बहू-बेटियों ने दिया अर्थी को कांधा
सिरसा। डेरा सच्चा सौदा के संत गुरमीत राम रहीम सिंह इन्सां की प्रेरणा से बेटियों द्वारा अपने माता-पिता की अर्थी को कंधा देने के साथ-साथ मुखाग्नि देने की भी ऐतिहासिक पहल होने लगी है।
सिरसा की ग्रेवाल बस्ती में ऐसा मौका एक बार फिर से देखने को मिला, जहां शांति देवी इन्सां पत्नी स्व. मुंशी राम इन्सां का देहांत हो गया। देहांत के बाद शांति देवी इन्सां की इच्छानुसार न केवल उनकी आंखें दान की गई, बल्कि उनकी बेटियों व बहुओं ने उनकी अर्थी को कंधा दिया।
यही नहीं एक अनूठी पहल करते हुए उन्होंने शिवपुरी में जाकर सारे रीति-रिवाज किये और उसके बाद शांति देवी के शव मुखाग्नि भी भेंट की। शांति देवी इन्सां को मुखाग्नि उनकी बड़ी बेटी वीना इन्सां द्वारा भेंट की गई।
जब शांति देवी इन्सां को घर से बाहर लाया जा रहा था तो आस-पास के लोगों ने जब बेटियों व बहुओं को कंधा देते देखा तो वे हैरान हो उठे कि इस समाज में यह भी मुमकिन है। इस मौके पर शांति देवी इन्सां की छोटी लड़की नीमो इन्सां, पुत्र रमेश इन्सां, बहु ऊषा इन्सां, बहु आदर्श इन्सां, दर्शना इन्सां, भांजा मनोहर लाल इन्सां, दोहता अमित इन्सां व कमल इन्सां सहित अनेक लोग उपस्थित थे।
गौरतलब है कि इससे पहले गत 24 जुलाई को सिरसा में ही ऐसा ही एक मामला सामने आया था। यहां के परमार्थ कालोनी में राकेश की माता गिन्नो देवी के निधन के बाद उनकी बेटियों अंगूरी देवी व संतोष देवी तथा बहु रामो देवी व संतोष देवी ने शवयात्रा में अर्थी को न केवल कंधा दिया बल्कि चिता को मुखाग्नि देने में भी शामिल हुई। (पढ़ें 24 जुलाई की खबर विस्तार से)












Click it and Unblock the Notifications