पंजाब और हरियाणा में राहत कार्य तेज
दोनों राज्यों में अधिकारी और स्वयंसेवी संगठन प्रभवित इलाको में लोगों को मदद पहुंचाने में जुटे हुए हैं। कई इलाके अभी भी डूबे हुए हैं। बाढ़ से अब तक पंजाब में 15 और हरियाणा में पांच लोगों के मरने की पुष्टि हुई है।
हरियाणा में सतलुज-यमुना नहर में दरार को सैनिकों ने पाट दिया है। स्थिति बिगड़ने के बाद अंबाला, कुरुक्षेत्र और कैथल जिलों में सेना बुलाई गई थी। शुक्रवार को मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का तीन दिनों में दूसरा दौरा किया था।
हुड्डा के सामने बाढ़ प्रभावितों अपने गुस्से का खुलकर इजहार किया। राज्य सरकार ने बाढ़ से 650 करोड़ रुपये की क्षति का अनुमान लगाया है। हरियाणा में लाखों एकड़ कृषि भूमि जलमग्न है। फसल भी बर्बाद हो गई है।
अंबाला के उपायुक्त ने कहा, "ग्रामीण इलाकों में पानी अब कम हो रहा है। हमने राहतकर्मियों और स्वयंसेवियों को प्रभावित इलाकों में भेजा है।"
उधर, पंजाब के उप मुख्यमंत्री सुखवीर सिंह बादल ने राज्य के बाढ़ प्रभावित जिलों के लि 28 करोड़ रुपये की सहायता राशि जारी की है। पटियाला और संगरूर जिलों में कई इलाके अभी भी जलमग्न हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications