'पोकरण 2 पर कुछ नहीं जानते कलाम'

Pokhran Test
नई दिल्‍ली। परमाणु ऊर्जा आयोग के पूर्व अध्‍यक्ष डा. होमी नुसेरवांजी सेथना ने पूर्व राष्‍ट्रपति व परमाणु वैज्ञानिक डा. एपीजे अब्‍दुल कलाम के खिलाफ टिप्‍पणी करते हुए कहा है 1998 में हुए पोखरण द्वितीय परीक्षण पर बोलने का उन्‍हें कोई अधिकार नहीं है।

सीएनएन-आईबीएन से बातचीत के दौरान डा. होमी ने कहा कि डीआरडीओ के पूर्व वैज्ञानिक के संथानम के उस दावे, जिसमें उन्‍होंने कहा था कि पोखरण में हुआ दूसरा परमाणु परीक्षण सफल नहीं था, पर कलाम को बोलने का कोई अधिकार नहीं। होमी ने कहा, "परमाणु विस्‍फोटक बनाने के बारे में वो (कलाम) क्‍या जानते हैं। वो कुछ नहीं जानते थे। राष्‍ट्रपति होने के नाते वो सिर्फ इस उपलब्धि में शामिल हुए।"

वैज्ञानिकों से दूर रहें राजनेता

मई 1974 में भारत का पहला परमाणु परीक्षण में महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाने वाले सेथना ने राजनेताओं को सलाह दी है कि वो वैज्ञानिक मुद्दों से दूर रहें। इस मुद्दे पर राजनीति करने की जरूरत नहीं है। उन्‍होंने कहा, "जब हमने पहला परमाणु परीक्षण किया था, तब वहां कोई राजनेता नहीं था। वो एक कच्‍चा परीक्षण था। हम खुशकिस्‍मत है कि वो सब खत्‍म हो गया।"

गौरतलब है कि हाल ही में डीआरडीओ के पूर्व वैज्ञानिक डा. संथानम ने दावा किया था कि पोखरण में 1998 में हुए परमाणु परीक्षणों में से दूसरा परीक्षण सफल नहीं था, जिस पर बाद में डा. कलाम ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए कहा था कि पोकरण द्वितीय पूरी तरह सफल था।

यही नहीं संथानम के इस खुलासे के बाद देश भर के राजनीतिक दलों ने तत्‍कालीन सत्‍ताधारी पार्टी राष्‍ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर उंगलियां उठानी शुरू कर दी थीं। हालांकि बाद में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी यह साफ कर दिया कि वे परीक्षण पूरी तरह सफल था।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+