पेशेवर स्तर पर मुश्किल दौर से गुजर रहे हैं इंग्लिश क्रिकेटर
लंदन, 22 नवंबर (आईएएनएस)। एक तरह जहां इंग्लैंड के क्रिकेट खिलाड़ियों को भारत के खिलाफ जारी सात मैचों की एकदिवसीय श्रंखला में जीत के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी ओर पेशेवर स्तर पर भी उनका संघर्ष जारी है।
ब्रिटेन के समाचार पत्र 'टेलीग्राफ' ने इंग्लैंड क्रिकेट टीम के प्रबंध निदेशक हग मोरिस के हवाले से लिखा है कि आने वाले दिनों में इंग्लिश खिलाड़ियों को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) या फिर इंग्लैंड व वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) के केंद्रीय करार में से किसी एक का चयन करना पड़ सकता है।
इंग्लिश खिलाड़ियों ने अब तकबोर्ड के सालाना केंद्रीय करार पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं। खिलाड़ियों को इस बात का इंतजार है कि आईपीएल को लेकर बोर्ड जल्द से जल्द कोई फैसला ले।
इस संबंध में आईपीएल प्रमुख ललित मोदी और ईसीबी के अध्यक्ष जाइल्स क्लार्क के बीच हाल ही में बातचीत हुई थी लेकिन वह नाकाम रही थी।
इंग्लैंड के कई खिलाड़ियों को आईपीएल में खेलने का प्रस्ताव मिला है, लिहाजा बहुत संभावना है कि कुछ खिलाड़ी व्यक्तिगत हित को ध्यान में रखकर केंद्रीय करार की बजाय आईपीएल के साथ करार करने को प्राथमिकता दें।
मोरिस के मुताबिक ईसीबी खिलाड़ियों के लिए आईपीएल के दरवाजे खोलने के लिए इच्छुक है लेकिन उससे पहले वह अपने हित में आईपीएल की ओर से कोई पहल चाहता है। इसके बाद उसे खिलाड़ियों को अनापत्ति प्रमाणपत्र देने में कोई दिक्कत नहीं होगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications