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बुन्देलखंड में मजदूरी भुगतान के बदले में आबरू की मांग

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    भोपाल, 15 जून (आईएएनएस)। बुन्देलखंड में रोजी रोटी का संकट अपने चरम पर है। सूखे ने स्थिति को और भी गंभीर बना दिया है। परेशानी की मार झेल रहे लोगों को मजदूरी के भुगतान के बदले बहू बेटियों की इज्जत के सौदे तक के लिए मजबूर किया जा रहा है।

    छतरपुर जिले का एक ग्राम पंचायत हैं, बम्हौरी खुर्द। यहां दलित परिवारों ने रोजगार गारंटी योजना के तहत मजदूरी की थी लेकिन मजदूरों को समय पर निर्धारित मजदूरी की पूरी राशि का भुगतान नहीं किया गया। इतना ही नहीं कम राशि का भुगतान करके दस्तावेजों पर उनके अंगूठे के निशान भी लगवा लिए गए। बाद में जब इन मजदूरों ने अपनी बकाया मजदूरी की मांग की तो गांव के सरपंच और सचिव ने उनके सामने अपनी बहू बेटियों को घर भेजने की शर्त रख दी।

    इन पीड़ित मजदूरों ने इस बात की शिकायत पहले कई अधिकारियों से की मगर बात नहीं बनी। पिछले दिनों प्रदेश के कृषि मंत्री गोपाल भार्गव छतरपुर के दौरे पर थे तो पीड़ितों ने एक आवेदन देकर अपनी व्यथा सुनाई। मलथा अहिरवार सहित कई ग्रामीणों द्वारा दिए गए आवेदन में कहा गया है कि वे इस स्थिति से पुलिस को भी अवगत करा चुके हैं मगर कोई बात नहीं बनी। इसके बाद कृषि मंत्री भार्गव ने छतरपुर जिलाधिकारी को पूरे मामले की जांच के आदेश दिए हैं।

    छतरपुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी एस़ एऩ शुक्ला ने आईएएनएस को बताया कि प्रशासन तक शिकायत आई है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। यदि मजदूरों के सामने मजदूरी के भुगतान के बदले शर्त की बात सामने आती है तो दोषियों को छोड़ा नहीं जाएगा।

    इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

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