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सीनेटर ने कहा, अमेरिका-कनाडा भी अल कायदा के समान

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    टोरंटो, 14 मई (आईएएनएस)। अमेरिका के गुआंतनामो खाड़ी स्थित सैनिक अड्डे की जेल में बंद एक अफगान कनाडाई नागरिक पर न्यूरेम्बर्ग में नाजियों पर चले मुकदमे के समान मुकदमा चलाने की योजना से नाराज एक कनाडाई सीनेटर ने कहा है कि अमेरका और कनाडा भी मानव अधिकारों का हनन करने में अल कायदा के समान हैं।

    अब 21 वर्ष के हो चुके अफगान-कनाडाई किशोर ओमर खादर को सन 2002 में एक ग्रेनेड हमले में एक अमेरिकी सैनिक की हत्या के आरोप में पकड़ा गया था।

    गौरतलब है कि द्वितीय विश्व युद्ध के बाद नाजियों पर न्यूरेम्बर्ग में चलाए गए मुकदमें के बाद उस तरह का यह पहला मुकदमा होगा।

    कनाडाई सीनेटर रोमियो डलाइरे ने कहा कि किशोर ओमर खादर के पुनर्वास का प्रयास किया जाना चाहिए न कि उस पर गैरकानूनी मुकदमा चलाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि 9/11के बाद अमेरिकी सुरक्षा को लेकर सनकी हो गए हैं और खादर के मामले में वह अंतर्राष्ट्रीय कानूनों और समझौतों की अनदेखी कर रहा है।

    ओटावा में मंगलवार को अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार की आम समिति की बैठक में शामिल होने से पूर्व सीनेटर रोमियो ने कहा कि उनकी सरकार ने भी खादर के मामले में कुछ नहीं किया है।

    खादर गुआंतनामों की जेल में बंद एकमात्र पश्चिमी नागरिक है।

    संयुक्त राष्ट्र के बच्चों के विशेष दूत रहे सीनेटर रोमियो ने कहा कि कनाडा की सेना ने अफगानिस्तान में 7,000 किशोर सैनिकों के पुनर्वास में सहायता की है। खादर उन किशोरों से किस प्रकार भिन्न है। कनाडा की सरकार इस मामले में अमेरिका के दबाव में काम कर रही है।

    इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

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