नशे से प्रभावित होता है गर्भस्थ शिशुओं का मस्तिष्क
न्यूयार्क, 9 अप्रैल (आईएएनएस)। मैग्नेटिक रेसोनेंस इमेजिंग (एमआरआई) तकनीक के माध्यम से किए गए अध्ययन से पता चला है कि गर्भावस्था के दौरान मां द्वारा ड्रग्स, शराब, मारिजुआना अथवा तंबाकू का सेवन गर्भस्थ शिशु के मस्तिष्क पर बुरा प्रभाव डालता है।
बोस्टन के चिल्ड्रेंस हास्पिटल के मस्तिष्क विज्ञानी मिखाइल रिवकिन के नेतृत्व में किए गए इस अध्ययन के निष्कर्ष 'पीडियाट्रिक्स' जर्नल के ताजा अंक में प्रकाशित किए गए हैं।
शोधकर्ताओं ने 35 ऐसे बच्चों के मस्तिष्क का एमआरआई स्कैन किया जिनकी मांएं गर्भावस्था के दौरान नशा करती थीं। उन्होंने पाया कि उनके मस्तिष्क की बनावट और बच्चों से थोड़ी अलग थी।
शोध में कहा गया है कि अमेरिका में हर साल जन्म लेने वाले कम से कम 10 लाख बच्चे गर्भावस्था में इससे प्रभावित होते हैं।
रिवकिन ने कहा, "लगभग 20 फीसदी महिलाएं गर्भावस्था के दौरान सिगरेट तथा अन्य नशे का इस्तेमाल लगातार करती हैं। इसके लिए उनकी सामाजिक ,आर्थिक स्थिति और उनका अकेलापन देखा गया है, जिसे दूर करने के लिए वे नशे का सेवन करती है।"
उन्होंने बताया कि यह अध्ययन अभी छोटे पैमाने पर किया गया है इसलिए इसके निष्कर्ष सभी पर लागू नहीं किए जा सकते हैं। गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को चिकित्सा सुविधाएं प्रदान करने वाले विशेषज्ञों को उन्हें नशे का सेवन न करने की सलाह देनी चाहिए।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications