Fact check:क्या आर्टिकल-341 को हटाने जा रही है केंद्र सरकार?, जानें क्या है वायरल मैसेज का सच
नई दिल्ली। सोशल मीडिया पर आए दिन किसी ना किसी सूचना से जुड़ा कोई ना कोई भ्रामक मैसेज वायरल होता रहता है। कई बार संवेदनशील मुद्दों को उठाकर लोगों को भड़काने का काम किया जाता है। एक ऐसी ही मैसेज इन दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें दावा किया जा रहा है कि, केंद्र सरकार धारा 341 खत्म करने जा रही है। अब इस मामले पर केंद्र सरकार की ओर से भी सफाई आई है।

पिछले कुछ दिनों से इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप व्हाट्सऐप पर एक संदेश वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि, एनआरसी, सीएए और एनपीआर की आग अभी बुझी नहीं कि मोदी सरकार एक और कानून लाने जा रही है, जिससे ओबीसी, एससी, एसटी का हक अधिकार समाप्त होने वाला है। वायरल मैसेज में कहा जा रहा है, धारा 341 हटाने जा रही है, जिसके तहत ओबीसी, एससी, एसटी का जन्म प्रमाण पत्र बनता है और उसके आधार पर आरक्षण मिलता है।
मैसेज में आगे लिखा है कि, धारा 341 को हटाने के लिए पूरी तैयारी कर ली गई है। सभी बहुजन, ओबीसी, एससी, एसटी के लोग जाग जाएं औऱ मुनवादी सरकार से लड़ने के लिए कमर कस लें। जितने भी क्रांतिकारी ग्रुप हैं सभी को ये मैसेज फॉरवर्ड करें। इस मैसेज की केंद्र सरकार की फैक्ट चैक एजेंसी पीआईबी ने पड़ताल की है। उनकी पड़ताल में ये मैसेज फर्जी साबित हुआ है।
पीआईबी ने ट्वीट कर लिखा कि, एक व्हाट्सऐप मैसेज में दावा किया जा रहा है कि केंद्र सरकार धारा 341 को हटाने जा रही है। #PIBFactCheck: यह दावा फर्ज़ी है। केंद्र सरकार द्वारा धारा 341 हटाने हेतु कोई प्रस्ताव नहीं दिया गया है। ऐसे भ्रामक संदेशों को साझा न करें।अगर आपको भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के जरिए ऐसी कोई जानकारी मिल रही है, जिसपर आप स्पष्टता जानना चाहते हैं तो पीआईबी फैक्टचेक को इस बारे में जानकारी दे सकते हैं। पीआईबी फैक्टचेक से कई माध्यमों के जरिए संपर्क किया जा सकता है। फोन नंबर +91 8799711259 पर व्हाट्सऐप कर सकते हैं।

Fact Check
दावा
एक WhatsApp मैसेज में दावा किया जा रहा है कि केंद्र सरकार धारा 341 को हटाने जा रही है।
नतीजा
यह दावा फर्ज़ी है। केंद्र सरकार द्वारा धारा 341 हटाने हेतु कोई प्रस्ताव नहीं दिया गया है। ऐसे भ्रामक संदेशों को साझा न करें।












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