Aaj Ka Panchang: आज का पंचांग, 15 जून 2026, सोमवार
15 जून 2026, 2083 सिद्धार्थी विक्रमी संवत्सर में कृष्ण पक्ष की ज्येष्ठ (अधिक) अमावस्या को पड़ रही है। यह दिन ज्येष्ठ अधिक मास के अंत को दर्शाता है और इसमें इष्टि के साथ ज्येष्ठ अधिक अमावस्या शामिल है। यह मिथुन संक्रांति भी है। सूर्य वृषभ (Taurus) राशि में दोपहर 12:59 बजे तक रहेगा, इसके बाद दोपहर के बाद परिवर्तन होगा।

सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्र समय 🌅
| खगोलीय घटना | वाराणसी समय | खगोलीय घटना | वाराणसी समय |
| भोर (सूर्योदय) 🌅 | सुबह 05:07 | गोधूलि बेला (सूर्यास्त) 🌇 | शाम 6:50 |
| चंद्रोदय 🌙 | आज चंद्रमा उदय नहीं होगा | चंद्रोदय 🌗 | शाम 7:20 बजे |
पंचांग के मूल तत्व 📅
| चंद्र दिवस (तिथि) 🌙 | अमावस्या सुबह 8:23 बजे तक प्रतिपदा प्रातः 04:30 बजे तक (16 जून) इसके बाद द्वितीया |
| नक्षत्र ⭐ | मृगशीर्ष शाम 7:08 बजे तक इसके बाद अर्द्रा |
| आधा दिन (कराना) ⚙️ | नागवा सुबह 8:23 बजे तक किंस्टुघ्ना शाम 6:26 बजे तक बावा में सुबह 4:30 बजे तक (16 जून) इसके बाद बलवा |
| चंद्र मिलन (योग) 🧘 | शूला सुबह 8:56 बजे तक गंडा, सुबह 4:39 बजे तक (16 जून) इसके बाद वृद्धि |
| सप्ताह का दिन 📅 | सोमवार |
| चंद्र पक्ष (पखवाड़ा) 🌓 | कृष्ण पक्ष (घटता हुआ चंद्रमा) |
चंद्र कैलेंडर और ऐतिहासिक युग 🗓️
| कैलेंडर प्रणाली | युग का विवरण | कैलेंडर प्रणाली | युग का विवरण |
| विक्रम संवत 👑 | 2083 सिद्धार्थ | सम्वत्सर चक्र 🪐 | सिद्धार्थी 03:53 अपराह्न, 21 अप्रैल 2026 तक इसके बाद रौद्रा |
| शक संवत 🏛️ | 1948 पराभाव | चंद्र माह (पूर्णिमांत) 🌕 | ज्येष्ठ (लीप माह / अधिक) |
| गुजराती संवत 🗺️ | 2082 पिंगला | चंद्र माह (अमंता) 🌑 | ज्येष्ठ (लीप माह / अधिक) |
| मासिक सौर दिवस (प्रविष्टे) ☀️ | दिन 1 | - | - |
विक्रम युग 2083 की दिव्य सभा 🏛️
| शासन पदनाम | अधिष्ठाता देवता | शासन पदनाम | अधिष्ठाता देवता |
| संप्रभु शासक (राजा) 👑 | बृहस्पति | रक्षा मार्शल (कमांडर) ⚔️ | चंद्र (चंद्रमा) |
| मंत्रिमंडल के कुलाधिपति (मंत्री) ⚜️ | मंगल ग्रह | रबी फसल चक्र पर्यवेक्षक (शीतकालीन फसलें) 🌻 | बुद्ध (बुध) |
| खरीफ चक्र पर्यवेक्षक (ग्रीष्मकालीन फसलें) 🌾 | बृहस्पति | हे नमी और बारिश के देवता 🌧️ | चंद्र (चंद्रमा) |
| वित्त एवं वाणिज्य विभाग के स्वामी 💰 | बृहस्पति | धातु एवं खनिज नियंत्रक 🪙 | बृहस्पति |
| लिक्विड्स और एसेंस सुपरवाइजर 🍯 | शनि (शनि) | फ्लोरा एंड ब्लॉसम डायरेक्टर 🍎 | चंद्र (चंद्रमा) |
राशि चक्र और तारकीय क्षेत्र 🌌
| चंद्र राशि (चंद्र राशि चक्र) 🌙 | वृषभ (Taurus) प्रातः 08:40 बजे तक इसके बाद मिथुन (Gemini) |
| तारकीय चौथाई चरण (पदास) 🐾 | मृगशीर्ष (त्रैमासिक 2) प्रातः 08:40 बजे तक मृगशीर्ष (तीसरा सत्र) दोपहर 1:54 बजे तक मृगशीर्ष (त्रैमासिक 4) सायं 07:08 बजे तक अर्द्रा (पहली तिमाही) 16 जून, रात 12:23 बजे तक इसके बाद अर्द्रा (दूसरी तिमाही) |
| सूर्य राशि (सौर राशिचक्र) ☀️ | वृषभ (वृषभ) दोपहर 12:59 बजे तक इसके बाद मिथुन (Gemini) |
| सौर नक्षत्र 🌟 | मृगशीर्ष |
| सोलर क्वार्टर फेज 👣 | मृगशीर्ष (त्रैमासिक 2) दोपहर 12:59 बजे तक इसके बाद मृगशीर्ष (तिमाही 3) |
संक्रांति, ऋतुएँ और दिन की लंबाई 🍂
| मीट्रिक श्रेणी | गणना का पहला प्रकार (ड्रिक) | गणना विधि 2 (वैदिक) |
| वर्तमान ऋतु ☀️ | ग्रीष्मा (ग्रीष्मकालीन) | ग्रीष्मा (ग्रीष्मकालीन) |
| संक्रांति पथ (अयाना) 🗺️ | उत्तरायण (उत्तरी पारगमन) | उत्तरायण (उत्तरी पारगमन) |
| डेलाइट स्पैन (दिनमना) ⏱️ | 13 घंटे, 42 मिनट, 25 सेकंड | |
| रात्रिमाना 🌃 | 10 घंटे, 17 मिनट, 42 सेकंड | |
| दोपहर (मध्यना) 🕛 | सुबह 11:59 | |
बेहतर और आशाजनक समयसीमाएँ ✨
| ऐच्छिक घंटा | समय अंतराल | ऐच्छिक घंटा | समय अंतराल |
| ब्रह्मा घंटे 🌌 | सुबह 3:45 से 4:26 तक | भोर की प्रार्थना (प्रात: संध्या) 🌅 | सुबह 04:06 से 05:07 तक |
| अभिजीत पीरियड 🏹 | सुबह 11:31 बजे से दोपहर 12:26 बजे तक | विजया काल (सफलता का समय) 🏆 | दोपहर 2:16 से दोपहर 3:10 तक |
| गोधुली (गोधुली) 🌇 | शाम 6:48 से शाम 7:09 तक | संध्या प्रार्थना (सयाहना संध्या) 🌃 | शाम 6:50 से शाम 7:51 तक |
| अमृत काल (अमृत अवस्था) 🍯 | सुबह 11:28 से दोपहर 12:52 तक | मध्यरात्रि (निशिता) 🌌 | 16 जून, रात 11:38 से 12:19 बजे तक |
| सार्वभौमिक सफलता (सर्वार्थ सिद्धि) ⭐ | सुबह 5:07 बजे से शाम 7:08 बजे तक | अमृत सिद्धि (नेक्टर सक्सेस) 🌟 | सुबह 5:07 बजे से शाम 7:08 बजे तक |
टाले जा सकने वाले और अशुभ समय ⚠️
| महत्वपूर्ण तत्व | टाला जा सकने वाला विंडो | महत्वपूर्ण तत्व | टाला जा सकने वाला विंडो |
| राहु काल (राहु काल) 🌑 | सुबह 6:50 से 8:33 बजे तक | यम का घंटा (यमगंडा) 💀 | सुबह 10:16 से 11:59 तक |
| आदल योग चरण 🌀 | 16 जून, शाम 7:08 से सुबह 5:07 बजे तक | प्रतिकूल समय (दुर्मुहूर्तम) ⛈️ | दोपहर 12:26 से दोपहर 1:21 तक और दोपहर 3:10 बजे से शाम 4:05 बजे तक |
| गुलिका काल (गुलिकाई कलाम) ⌛ | दोपहर 1:41 से दोपहर 3:24 तक | वर्जित दर्रा (वरज्यम) 🚫 | 16 जून, सुबह 2:30 बजे से 3:55 बजे तक |
| मौलिक शक्ति (बाना) 🔥 | दोपहर 12:59 बजे तक अग्नि (अग्नि पहलू) | - | - |
दिशात्मक मार्गदर्शन और दिव्य निवास 🧭
| आध्यात्मिक श्रेणी | दिव्य संरेखण विवरण | आध्यात्मिक श्रेणी | दिव्य संरेखण विवरण |
| पवित्र अग्नि आहुति (होमाहुति) ☀️ | सूर्य (Sun) | दिशा शूल (यात्रा संघर्ष) 🏹 | पूर्व दिशा |
| अग्नि निवास (अग्निवास) 🔥 | आकाश (स्वर्ग) सुबह 8:23 बजे तक पृथ्वी (16 जून) सुबह 4:30 बजे तक इसके बाद आकाश (स्वर्ग) | चंद्र निवास (चंद्र वास) 🌙 | दक्षिण की ओर सुबह 8:40 बजे तक इसके बाद पश्चिम की ओर (रात के दौरान) |
| भगवान शिव का निवास स्थान (शिववास) 🔱 | सुबह 8:23 बजे तक देवी गौरी के साथ। श्मशान घाट (श्मशान) पर 16 जून को सुबह 4:30 बजे तक। इसके बाद देवी गौरी की संगति में | राहु का निवास (राहु वासा) 🐉 | उत्तर-पश्चिम दिशा |
| चक्र संरेखण (कुंभ चक्र) 🏺 | शाम 7:08 बजे तक मुख (अशुभ) इसके बाद पूर्व दिशा की ओर | - | - |
अतिरिक्त कैलेंडर संबंधी डेटा और युग 🕰️
| कालानुक्रम कक्षा | परिकलित सूचकांक | कालानुक्रम कक्षा | परिकलित सूचकांक |
| कलियुग काल 🌌 | 5127 वर्ष | लाहिड़ी अयनांश समायोजन 📐 | 24.233343 |
| काली युग के दिनों की पूर्ण संख्या (अहरगना) 🗓️ | 1,872,741 दिन | रेट डाई इंडेक्स 🔢 | 739782 |
| जूलियन डे के समकक्ष 📅 | 2 जून, 2026 ईस्वी | जूलियन युग गणना ⏳ | 2461206.5 दिन |
| भारतीय नागरिक कैलेंडर तिथि 🇮🇳 | ज्येष्ठ 25, 1948 शक | संशोधित जूलियन दिवस गणना ⌛ | 61206 दिन |
| निरयण पारंपरिक कैलेंडर तिथि 🇮🇳 | आषाढ़ 01, 1948 शक | - | - |
ज्योतिषीय शक्तियां: चंद्रमा और तारे 💪
| चंद्रबलम (चंद्रबलम) 🌙 | सुबह 8:40 बजे तक निम्नलिखित के लिए अत्यधिक लाभदायक: वृषभ (वृषभ), कर्क (कर्क), सिंह (सिम्हा), वृश्चिक (वृश्चिका), धनु (धनु), मीन (मीना)। *प्रतिकूल चंद्रमा (अष्टम चंद्र) के लिए चेतावनी: तुला (तुला राशि) और चित्रा (अंतिम 2), स्वाति, और विशाखा (प्रथम 3) के विशिष्ट चंद्रमा स्थान क्वार्टर। सुबह 8:40 बजे से अगली सूर्योदय तक निम्नलिखित के लिए अत्यधिक लाभकारी: |
| तारकीय समर्थन (ताराबलम) ⭐ | शाम 7:08 बजे तक निम्नलिखित के लिए अत्यधिक लाभदायक: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वा आषाढ़, श्रवण, शतभिषा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती। शाम 7:08 बजे से अगली सूर्योदय तक निम्नलिखित के लिए अत्यधिक लाभकारी: |
ऐच्छिक विंडो और उदय होते आरोही 🏹
| वैकल्पिक मंजूरी (पंचक रहित) 🏹 | लग्न क्षितिज (उदय लग्न) 🌅 |
| अनुकूल चुनावी अवधि: सुबह 5:07 बजे से सुबह 5:12 बजे तक राज पंचक (शाही सफाई): सुबह 05:12 से सुबह 07:26 तक अनुकूल चुनावी अवधि: सुबह 7:26 से 8:23 बजे तक अनुकूल चुनावी अवधि: सुबह 8:23 से 9:43 बजे तक राज पंचक (शाही सफाई): सुबह 9:43 से 11:57 तक अनुकूल चुनावी अवधि: सुबह 11:57 से दोपहर 2:10 तक खतरे का निवारण (चोरा पंचक): दोपहर 2:10 से शाम 4:27 तक अनुकूल चुनावी अवधि: दोपहर 4:27 से शाम 6:44 तक रोग पंचक द्वारा रोग निवारण: शाम 6:44 से 7:08 बजे तक अनुकूल चुनावी अवधि: शाम 7:08 से रात 8:48 तक जोखिम शुद्धि (मृत्यु पंचक): रात्रि 08:48 बजे से रात्रि 10:33 बजे तक अग्नि पंचक (अग्नि शुद्धि): 16 जून, रात 10:33 से 12:04 बजे तक अनुकूल चुनावी अवधि: 16 जून, रात 12:04 बजे से 1:32 बजे तक जोखिम शुद्धि (मृत्यु पंचक): 01:32 पूर्वाह्न से 03:11 पूर्वाह्न, 16 जून राज पंचक (शाही सफाई): 16 जून, सुबह 03:11 से 04:30 बजे तक अग्नि पंचक (अग्नि शुद्धि): 16 जून, सुबह 4:30 से 5:07 बजे तक | वृषभ (Vrishabha): प्रातः 03:15 से प्रातः 05:12 तक मिथुन राशि: सुबह 5:12 से 7:26 बजे तक कर्क (कैंसर): सुबह 7:26 से 9:43 बजे तक सिंह राशि: सुबह 9:43 से 11:57 तक कन्या (Kanya): सुबह 11:57 बजे से दोपहर 02:10 बजे तक तुला (Libra): दोपहर 2:10 से शाम 4:27 तक वृश्चिक (Scorpio): दोपहर 4:27 से शाम 6:44 तक धनु (Dhanu): शाम 06:44 बजे से रात 08:48 बजे तक मकर राशि: रात 8:48 से 10:33 बजे तक कुंभ राशि: 16 जून, रात 10:33 से 12:04 बजे तक मीन राशि: 16 जून, रात 12:04 से 1:32 बजे तक मेष राशि: 16 जून, सुबह 01:32 से 03:11 बजे तक |
स्थानीय त्यौहार और महत्वपूर्ण अवसर 🎉
| त्यौहार का नाम / पवित्र आयोजन | महत्व / प्रकार |
| पुरुषोत्तम माह (तीसवां दिन) 🕉️ | पवित्र अतिरिक्त महीने का अंतिम पालन दिवस |
| ज्येष्ठ लीप मास का समापन (अधिक मास समाप्त) 🌟 | अतिरिक्त परिवेत माह का समापन |
| मिथुन राशि में सूर्य का प्रवेश (मिथुन संक्रांति) ☀️ | सूर्य मिथुन नक्षत्र में प्रवेश करता है |
| अधिमास अमावस्या (ज्येष्ठ अधिक अमावस्या) 🌑 | अतिरिक्त महीने में अचंद्रमा संरेखण हो रहा है |
| पारंपरिक इष्ट अनुष्ठान 🪔 | वैदिक नवमःकालीन पूर्वजों की पूजा-अर्चना और अनुष्ठान |
महत्वपूर्ण नोट्स 📝
| गणनाएँ एवं नियम: सभी मानक समय वाराणसी, भारत के लिए स्थानीय 12-घंटे की इकाइयों में स्वरूपित किए गए हैं, जिसमें जहां लागू हो वहां मौसमी डीएसटी भिन्नता भी शामिल है। मध्यरात्रि के बाद के समयों को कैलेंडर की अगली तिथि के प्रत्यय के साथ अंकित किया जाता है। पारंपरिक वैदिक खगोल विज्ञान के अनुसार, खगोलीय दिन की गणना सूर्योदय से सूर्योदय तक की जाती है। |
नोट: सभी समय वाराणसी को केंद्र मानकर भारतीय स्थानीय समय के अनुसार 12 घंटे के प्रारूप में दिखाए गए हैं। आधी रात (12 बजे) के बाद के घंटों को अगले दिन की तारीख के साथ अंकित किया जाता है। पंचांग में, एक दिन सूर्योदय से शुरू होता है और अगले सूर्योदय पर समाप्त होता है।












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