नेपाल से अफ्रीका तक, जब भारतीय यूनिवर्सिटीज ने तैयार किए ग्लोबल लीडर! किसी ने DU से, किसी ने JNU से की है पढ़ाई
Global Leaders Who Studied in India: भारत की शिक्षा व्यवस्था का इतिहास सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसने दुनिया की राजनीति और समाज को भी दिशा दी है। भारत की यूनिवर्सिटीज और कॉलेजों ने ऐसे कई नेताओं को तैयार किया, जिन्होंने आगे चलकर अपने-अपने देशों की बागडोर संभाली। नेपाल के नेताओं से लेकर भूटान के राजा, अफगानिस्तान के राष्ट्रपति से लेकर अफ्रीका के राष्ट्राध्यक्ष तक, कई बड़े नाम भारत में पढ़ाई करके अपने देशों लौटे और वहां बदलाव की शुरुआत की।
यह सिर्फ डिग्री हासिल करने की बात नहीं थी, बल्कि भारत में पढ़ाई ने उन्हें सोचने का तरीका, लोकतंत्र की समझ और समाज को नेतृत्व देने की कला सिखाई। यही वजह है कि भारत आज भी न सिर्फ अपने देश के युवाओं बल्कि दुनिया भर के छात्रों के लिए एक बड़ा शिक्षा केंद्र माना जाता है।

नेपाल के बाबुराम भट्टराई
नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री बाबुराम भट्टराई ने दिल्ली स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर से एम.टेक और जेएनयू से पीएचडी की। भारत में पढ़ाई ने उनके राजनीतिक करियर को नई दिशा दी।
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नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की
सुशीला कार्की ने बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU), उत्तर प्रदेश से 1975 में राजनीति विज्ञान (Political Science) में मास्टर्स की डिग्री (M.A.) हासिल की थी।
भूटान के राजा जिग्मे केसर नामग्याल वांगचुक
भूटान के वर्तमान राजा जिग्मे वांगचुक ने भारत में शुरुआती शिक्षा पाई और दिल्ली के नेशनल डिफेंस कॉलेज के प्रोग्राम में भी शामिल हुए। भारत और भूटान की करीबी रिश्तेदारी उनकी शिक्षा में भी साफ झलकती है।
म्यांमार की आंग सान सू की
नोबेल शांति पुरस्कार विजेता और म्यांमार की नेता आंग सान सू की ने दिल्ली यूनिवर्सिटी के लेडी श्रीराम कॉलेज से राजनीति विज्ञान की पढ़ाई की थी। भारत में मिली शिक्षा ने उन्हें लोकतंत्र की लड़ाई लड़ने का साहस दिया।
अफगानिस्तान के हामिद करजई
अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई ने हिमाचल प्रदेश यूनिवर्सिटी से इंटरनेशनल रिलेशंस और पॉलिटिकल साइंस में मास्टर्स किया। भारत में पढ़ाई ने उन्हें वैश्विक राजनीति समझने में मदद की, जिसका इस्तेमाल उन्होंने अपने देश की सत्ता में रहते हुए किया।
मलावी के बिंगु वा मुथारिका
अफ्रीकी देश मलावी के पूर्व राष्ट्रपति बिंगु वा मुथारिका ने दिल्ली यूनिवर्सिटी और दिल्ली स्कूल ऑफ इकॉनोमिक्स से पढ़ाई की। अर्थशास्त्र की गहरी समझ लेकर लौटे मुथारिका ने अपने देश की इकोनॉमी को मजबूत बनाने का काम किया।
नाइजीरिया के ओलुसेगुन ओबासनजो
नाइजीरिया के पूर्व राष्ट्रपति ओलुसेगुन ओबासनजो ने भारत के तमिलनाडु स्थित वेलिंगटन डिफेंस सर्विसेज स्टाफ कॉलेज से सैन्य ट्रेनिंग ली। इसके अलावा उन्होंने भारतीय सेना के अन्य प्रोग्राम्स में भी हिस्सा लिया। भारत में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें मजबूत नेता बनाया।
भारत की शिक्षा का वैश्विक असर
नेपाल से लेकर भूटान और अफ्रीका तक भारत में पढ़े नेताओं की सूची काफी लंबी है। यह साबित करता है कि भारत सिर्फ अपने नागरिकों के लिए ही नहीं बल्कि दुनिया के लिए भी शिक्षा का मजबूत केंद्र रहा है।
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