भारतमाला परियोजना: नितिन गडकरी ने CM भूपेश को दिलाया भरोसा, जल्द शुरू होगा काम, मिलेगा मुआवजा
नई दिल्ली। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने भारतमाला परियोजना के तहत प्रस्तावित छत्तीसगढ़ के दुर्ग से रायपुर के बीच सिक्सलेन सड़क निर्माण को लेकर बड़ा ऐलान किया है। राज्य के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने से मुलाकात के बाद केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भरोसा दिलाया है कि सड़क निर्माण का कार्य आगामी तीन महीने में शुरू हो जाएगा साथ ही जिन किसानों की जमीन से हाईवे निकलेगा उन्हें भी मुआवजे की राशि जल्द दी जाएगी। बता दें कि इस योजना के लिए जिले के 26 गांव के 1349 किसानों की जमीन अधिग्रहण प्रस्तावित है। इसके एवज में किसानों को 480 करोड़ से ज्यादा मुआवजा भुगतान किया जाना है।

दरअसल, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केंद्रीय मंत्री नितिन गड़करी मिलकर जल्द मुआवजा भुगतान और काम शुरू कराने की मांग उठाई थी जिसके बाद केंद्रीय मंत्री ने उन्हें तीन महीने में काम शुरू होने का भरोसा दिलाया है। केंद्र सरकार की भारत माला परियोजना के तहत दुर्ग के अंजोरा से रायपुर के आरंग के बीच 92 किमी सिक्स लेन एक्सप्रेस कॉरिडोर सड़क का निर्माण प्रस्तावित है। इसके लिए जिले के 26 गांवों के 1349 किसानों की जमीन के अधिग्रहण का प्रस्ताव है। करीब 44.50 किमी सड़क के लिए जमीन के खसरा नंबर चिन्हित कर मार्किंग का काम पहले ही पूरा किया जा चुका है। जमीन अधिग्रहण के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दावा-आपत्तियां भी मंगाई जा चुकी है। जिला प्रशासन ने राज्य शासन के नियमानुसार मुआवजे का निर्धारण का भुगतान का प्रस्ताव भी नेशनल हाइवे को भेज दिया है।
मुआवजे के तौर पर अभी मिले सिर्फ 100 करोड़ रुपए
7 सितंबर 2018 को राजपत्र में सरकार द्वारा अधिग्रहण का उद्घोषणा भी प्रकाशित कर दी गई और जमीन की नापजोख का मुआवजा का प्रकरण भी तैयार कर लिया गया, लेकिन लंबे इंतजार के बाद पिछले महीने से मुआवजा भुगतान के लिए 100 करोड़ जारी किया गया है। यह कुल मुआवजा का एक चौथाई भी नहीं है।
तीन साल से अटका है प्रोजेक्ट
प्राप्त जानकारी के मुताबिक हाईवे निर्माण का यह प्रोजेक्ट पिछले तीन वर्षों से अटका हुआ है। बताया गया कि पहले जमीन के नापजोख और बाद में परिसंपत्तियों के मूल्यांकन में देरी की गई।
कितने किसानों को मिलेगा मुआवजा
- पाटन के 714 किसानों को 275 करोड़
पाटन ब्लॉक के पतोरा से लेकर सिपकोन्हा के खारून नदी तट तक 14 गांवों से होकर यह सड़क गुजरेगी। इन गांवों के 714 किसानों के करीब 150 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहित किया जाना है। इसके एवज इन किसानों को करीब 275 करोड़ रुपए मुआवजा भुगतान किया
- दुर्ग में 635 किसानों को 205 करोड़
सड़क के लिए दुर्ग ब्लॉक के 12 गांव के 635 किसानों से 113.31 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहित की जाएगी। अफसरों ने यहां जमीन के एवज में मुआवजा की गणना पहले ही कर ली है। यहां के किसानों को 205 करोड़ से ज्यादा मुआवजा मिलेगा।
ऐसा होगा सिक्स लेन कॉरीडोर
- राजनांदगांव के टेड़ेसरा के पास से शुरू होकर रायपुर जिले के आरंग में समाप्त होगी।
- यह मुम्बई कोलकाता कॉरीडोर दुर्ग रायपुर बायपास की कुल लंबाई 92.200 किलोमीटर।सड़क राजनांदगांव, दुर्ग व रायपुर जिले और राजनांदगांव, दुर्ग, पाटन, अभनपुर, आरंग तहसील से गुजरेगी।
- सड़क की चौड़ाई 70 मीटर होगी।
- सड़क के लिए कुल 746.61 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहण का प्रस्ताव।
- प्रोजेक्ट 2281 करोड़ की, सड़क निर्माण में 1382 करोड़ खर्च होगी।सड़क शिवनाथ, खारून और महानदी से होकर गुजरेगी
- सड़क में 6 बड़े पुल, 27 छोटे पुल, 167 पुलिया, 2 फ्लाइ ओवर, 1 क्लोवरलीफ इंटरचेंज, 3 ट्रम्पेट एंटरचेंज और 39 अंडर ब्रिज बनेंगी।
- सड़क के साथ वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम भी बनाई जाएगी।
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