Tehri: दो भाई, एक बहन में से एक मासूम की कैसे बची जान, किस्मत ने दिया साथ तो बच गया घर का चिराग
उत्तराखंड के नई टिहरी में ग्राम मरोड़ा में एक ही परिवार के दो मासूमों की जान चली गई। भारी बारिश परिवार पर कहर बनकर आई। दीवार टूटने से घर में सो रहे दो भाई-बहन मलबे में जिंदा दफन हो गए।
उत्तराखंड के नई टिहरी में ग्राम मरोड़ा में एक ही परिवार के दो मासूमों की जान चली गई। भारी बारिश परिवार पर कहर बनकर आई। दीवार टूटने से घर में सो रहे दो भाई-बहन मलबे में जिंदा दफन हो गए। जबकि दूसरी जगह सो रहे तीसरे भाई की किस्मत ने उसे बचा लिया। अब घर में एक ही मासूम बचा हुआ है।

उत्तराखंड में बारिश का क्रम जारी है। जिससे पहाड़ों में जगह जगह नुकसान की खबरें सामने आ रही है। नई टिहरी में ग्राम मरोड़ा में शनिवार की देर रात बारिश से मकान की दीवार टूटने से दो बच्चों की मौत हो गई। गांव के प्रवीण दास गांव में खेती-बाड़ी और मजदूरी करते हैं।
जिनके तीन बच्चे थे, दो बेटे और एक बेटी। बड़ी बेटी और बेटा दादा दादी के साथ एक कमरे में सोए हुए थे। जबकि सबसे छोटा बेटा अपने मा पिता के साथ दूसरे कमरे में सोया हुआ था। रात में तेज बारिश की आवाज सुनकर दादा बच्चों को उठाने के लिए जैसे ही उठे, इस बीच दीवार टूटकर बच्चों पर गिर गई।
ये देखकर चीख पुकार मच गई। फिर दूसरे कमरे में सो रहे बेटे और बहू को आवाज दी। जो कि कमरे में सो रहे मासूम को उठाकर भागे, लेकिन तब तक दादा दादी के साथ सो रहे दो मासूमों की मलबे में दबने से मौत हो गई। जिससे परिवार और पूरे गांव में मातम छा गया। हादसे में मृतक स्नेहा (12) इंटर कॉलेज मरोड़ा में कक्षा 6 में पढ़ती थी और उसका छोटा भाई रणवीर (10) प्राथमिक विद्यालय मरोड़ा में कक्षा चार में पढ़ता था। प्रशासन और एसडीआरएफ की टीम ने रेस्क्यू अभियान चलाया।












Click it and Unblock the Notifications