यमुनोत्री हाईवे बस हादसे की जांच शुरू, सेफ्टी ऑडिट के साथ मजिस्ट्रियल जांच भी, जानिए क्या आया अब तक सामने
बीते रविवार को हुए यमुनोत्री हाईवे पर बस हादसे की जांच शुरू
देहरादून, 9 जून। बीते रविवार को हुए यमुनोत्री हाईवे पर बस हादसे की जांच शुरू हो गई है। इस हादसे की केन्द्रीय एजेंसी के साथ-साथ राज्य सरकार द्वारा मजिस्ट्रियल जांच भी कराई जा रही है। सड़क दुर्घटना का सेफ्टी ऑडिट करने आई टीम ने तीव्र मोड़ पर ओवर स्पीड को हादसे का प्रमुख कारण माना है। इसके साथ ही क्रैश वैरियर की कमी का भी जिक्र किया गया है। इधर बस दुर्घटना की मजिस्ट्रियल जांच भी शुरू हो गई है। जांच के पहले दिन घटना से जुड़े लोगों के बयान दर्ज किए गए।

रविवार को मध्य प्रदेश के 28 यात्रियों को यमुनोत्री दर्शन के लिए ले जा रही बस डामटा के पास खाई में गिर गई थी। जिसमें सवार 30 में से 26 लोगों की जान चली गई थी। घटना की गंभीरत को देखते हुए केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने सेव लाइफ फाउंडेशन की तीन सदस्यीय टीम को डामटा हादसे का सेफ्टी ऑडिट करने के लिए भेजा था। घटना स्थल का निरीक्षण करने के बाद टीम बुधवार को वापस नई दिल्ली लौट गई है। यह टीम जल्द ही विस्तृत रिपोर्ट नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया को देगी। सूत्रों ने बताया कि टीम ने हादसे वाले स्थल का निरीक्षण करने के बाद प्राथमिक तौर पर दुर्घटना के लिए तीखे मोड़ पर ओवर स्पीड होने की आशंका जताई है। साथ ही वाहनों के दबाव को देखते हुए सड़क के पर्याप्त चौड़ा न होने और सड़क के किनारे क्रैश वैरियर न होने को भी गंभीर खामी माना है। डामटा के समीप हुए बस हादसे के बाद राजमार्ग निर्माण खंड ने घटनास्थल पर डेंजर जोन पर क्रैश बैरियर और पैरापिट लगाने का निर्णय लिया है। स्थानीय लोगों ने इस जगह पर क्रैश बैरियर और पैराफिट लगाने से पहले सड़क का चौड़ीकरण हो।
मजिस्ट्रियल जांच शुरू,चार लोगों के बयान दर्ज
इधर हाईवे पर डामटा के पास हुए बस दुर्घटना की मजिस्ट्रियल जांच शुरू हो गई है। पहले दिन घटना से जुड़े चार लोगों के बयान दर्ज किए गए। हादसे के बाद उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने दुर्घटना की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए थे, डीएम अभिषेक रूहेला ने बड़कोट एसडीएम शालिनी नेगी को जांच अधिकारी नियुक्त करते हुए शीघ्र मजिस्ट्रियल जांच पूरी करने के निर्देश दिए थे। अभी तक प्रत्यक्षदर्शी ओवरस्पीड को ही हादसे की वजह मान रहे हैं। हालांकि मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान ने हादसे का कारण स्टेयरिंग फेल बताया था। इसके साथ ही कुछ लोग ड्राइवर को झपकी आने की बात भी कर रहे हैं। जिस जगह पर हादसा हुआ वहां पर सड़क काफी चौड़ी थी। ऐसे में हादसे की असली वजह को लेकर सबके अपने-अपने दावे रहे हैं। इस वजह से जब तक जांच की रिपोर्ट सामने नहीं आ जाती तब तक सबके अपने-अपने दावे हैं।












Click it and Unblock the Notifications