गोरखपुर की खेल सनसनी: 11 साल की उम्र, 17 टूर्नामेंट,17 गोल्ड मेडल
11 साल की महिमा सिंह ने कराटे और रेसलिंग के 17 टूर्नामेंट में 17 गोल्ड मेडल जीतकर एक नया मुकाम हासिल किया है। महिमा की प्रतिभा को देख लोग उसके कायल हैं।
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में आजकल गोल्डन गर्ल महिमा सिंह का नाम हर किसी की जुबान पर है। गोल्ड गर्ल महिमा सिंह की प्रतिभा ने साबित कर दिया है कि बेटियों में हर क्षेत्र में खुद को साबित करने की क्षमता है। 11 वर्षीय महिमा सिंह ने कराटे और रेसलिंग के 17 टूर्नामेंट में 17 गोल्ड मेडल जीतकर एक नया मुकाम हासिल किया है।

गोरखपुर के दीवान बाजार मुहल्ले में रहने वाली 11 वर्षीय महिमा सिंह अपने पिता विश्व बंधू सिंह और माता डॉ राधा सिंह की लाडली बेटी है। 11 वर्ष की उम्र में महिमा रेसलिंग और कराटे जैसी प्रतियोगिताओं में अपना लौहा मनवा चुकी है। साथ ही साथ उसके कारनामे की वजह से उसके माता पिता का भी सिर गर्व से ऊंचा हुआ है। मौजूदा हाल में समाचार पत्रों की सुर्खियों में जगह जगह से भी पता चलता है कि लोग पेट में ही लड़कियों को मार देते है। ऐसे लोगों को जबाब दे रही है महिमा सिंह।
सेंट जोसफ में पढ़ने वाली कक्षा 6 की छात्रा महिमा को दो साल पहले रेसलिंग और कराटे का शौक जगा। जिस पर वह विजय कसेरा की इस्टर्न युद्ध अकादमी में कोचिंग कर दाव पेंच सीखें। कम समय में ही उसने इतना कुछ सीखकर अपने गुरु को भी आश्चर्य चकित कर दिया। महिमा के गुरु को लगा कि अब इसे टूर्नामेंट में उतरना चाहिए। जिस पर अपने गुरु के विश्वास पर खरा उतरते हुए उसने लगातार 17 टूर्नामेंट में 17 गोल्ड जीते। जिसमे कुडो गेम में 2 गोल्ड, नेशनल गेम में गोल्ड, अक्षय कुमार इंटर नेशनल टूर्नामेंट कुडो में गोल्ड, स्टेट में गोल्ड ,नेशनल गेपलिंग में 2 गोल्ड, रेसलिंग के साऊथ एशियन गेम में 1 गोल्ड, जनपदीय कराटे में 3 गोल्ड, स्टेट में 2 गोल्ड ,कराटे नेशनल में 2 गोल्ड प्राप्त कर दूर-दूर तक हर किसी को अपनी प्रतिभा मनवाते हुए हतप्रभ किया है।
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