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हरिशंकर तिवारी के परिवार ने BJP से भी साधा था संपर्क, लक्ष्मीकांत बाजपेई ने कहा- उनकी ज्वाइनिंग नहीं कराई

हरिशंकर तिवारी के परिवार ने BJP से भी साधा था संपर्क, लक्ष्मीकांत बाजपेई ने कहा- उनकी ज्वाइनिंग नहीं कराई

लखनऊ, 12 दिसंबर: बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) से बर्खास्त हुए पूर्वांचल के कद्दावर नेता हरिशंकर तिवारी का परिवार आज (12 दिसंबर) को समाजवादी पार्टी की सदस्यता ले सकता है। बताया जा रहा है कि लखनऊ स्थित समाजवादी पार्टी कार्यलय पर आज 12:30 बजे सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में हरिशंकर तिवारी का परिवार अखिलेश यादव की मौजूदगी में सपा ज्वाइन करेंगे। इसके अलावा कुछ भाजपा विधायक भी सपा का दामन थाम सकते हैं। तो वहीं, अब बीजेपी ज्वाइनिंग कमेटी के चेयरमैन लक्ष्मीकांत बाजपेई ने हरिशंकर तिवारी के परिवार के सपा में जाने पर तंज सका है।

Harishankar Tiwari Samajwadi Party BJP Laxmikant Bajpai Lucknow

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    लक्ष्मीकांत बाजपेई ने दावा किया कि हरिशंकर तिवारी के परिवार ने करीब 6 दिन पहले ही बीजेपी में शामिल होने के लिए संपर्क साधा था। लेकिन बीजेपी में उनकी ज्वाइनिंग नही कराई गई। आपको बता दें कि पंडित हरिशंकर तिवारी पूर्वी उत्तर प्रदेश विशेषकर गोरखपुर की राजनीति के मजबूत स्तंभ माने जाते है। इस परिवार के समाजवादी पार्टी में शामिल होने बीएसपी के साथ-साथ बीजेपी के लिए भी चिंता का विषय हो सकता है।

    बीएसपी ने 07 दिसंबर को हरिशंकर तिवारी के दोनों बेटे विनय शंकर तिवारी और पूर्व सांसद भीष्म शंकर तिवारी उर्फ कुशल तिवारी को पार्टी से बर्खास्त कर दिया था। साथ ही, हरिशंकर तिवारी के भांजे गणेश शंकर पांडेय को भी पार्टी से निकाल दिया था। तीनों को पर अनुशासनहीन का आरोप लगाया था। दरअसल, हरिशंकर तिवारी के छोटे बेटे और चिल्लूपार विधानसभा सीट से बीएसपी विधायक विनय शंकर तिवारी ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात की थी। इस मुलाकात के बाद से ऐसी चर्चाएं शुरू हो गई थी, कि हरिशंकर तिवारी का पूरा परिवार बीएसपी का दामन छोड़कर सपा ज्वाइन कर सकता है।

    6 बार विधायक रहे है हरिशंकर तिवारी
    यूपी की मौजूदा राजनीति में काफी समय से यह परिवार चर्चा में नहीं रहा है, लेकिन पूर्वांचल के जातिगत समीकरणों में इसकी दखल से कोई भी इनकार नहीं करता। 80 के दशक में हरिशंकर तिवारी और वीरेन्द्र प्रताप शाही के बीच वर्चस्वई की जंग ने ब्राह्मण बनाम ठाकुर का रूप ले लिया था। माना जाता है कि इन्हीं दो बाहुबलियों के विधायक बनने के बाद यूपी की सियासत में बाहुबलियों की एंट्री शुरू हुई। हरिशंकर तिवारी चिल्लूेपार विधानसभा क्षेत्र से लगातार छह बार विधायक रहे। कल्याूण सिंह, राजनाथ सिंह और मुलायम सिंह यादव की सरकारों में कैबिनेट मंत्री रहे लेकिन 2007 के चुनाव में बसपा के राजेश त्रिपाठी ने उन्हें चुनाव हरा दिया।

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