यूपी विधानसभा में 150 ग्राम पीईटीएन विस्फोटक से मचा हड़कंप
यूपी विधानसभा में विस्फोटक मिलने से मचा हड़कंप, फॉरेंसिक जांच में हुई है विस्फोटक मिलने की पुष्टि।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा में विस्फोटक मिलने से हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार यह पीईटीएन विस्फोटक है, जिसे मेटल डिटेक्टर भी नहीं पकड़ पाता है। घटना के सामने आते ही विधानसभा की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि आखिर कैसे यह विस्फोटक विधानसभा के भीतर पहुंचा। फॉरेंसिक जांच में इस बात की पुष्टि हुई है कि यह विस्फोटक ही है।

सपा विधायक की सीट के नीचे मिला विस्फोटक
जानकारी के अनुसार यह विस्फोटक 12 जुलाई को विधानसभा के भीतर पाया गया है। खबरों के मुताबिक यह विस्फोटक समाजवादी पार्टी के विधायक की सीट के नीचे पाया गया है।जानकारी के सामने आने के बाद ही विधानसभा की सुरक्षा को बढ़ा दिया गया है और विधानसभा की सुरक्षा में लगे सुरक्षाकर्मी इस बात की छानबीन कर रहे हैं कि आखिर कैसे यह विस्फोटक विधानसभा के भीतर पहुंचा
Recommended Video


मुख्यमंत्री ने बुलाई बैठक
इस घटना के सामने आने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुरक्षा अधिकारियों के साथ बैठक बुलाई है, जिसमें वह तमाम तथ्यों पर चर्चा करेंगे कि आखिर कैसे यह विस्फोटक सदन के भीतर पहुंचा। यह बैठक 10.30 बजे बुलाई गई है, जिसमें तमाम सुरक्षा के आला अधिकारी मौजूद होंगे। यहां आपको हम बता दें कि विधानसभा के भीतर का सीसीटीवी कैमरा सुबह 9 बजे के बाद ही चलता है, लिहाजा अगर यह विस्फोटक इस समय से पहले रखा गया है तो इसे पकड़ पाना सुरक्षाकर्मियों के लिए मुश्किल है। विधानसभा के भीतर तमाम सीसीटीवी कैमरे की फुटेज तलाशने के बाद यह नहीं पता चल पाया है कि आखिर कौन यह विस्फोटक विधानसभा के भीतर लेकर आया।

काफी भयावह है यह पीईटीएन विस्फोटक
गौरतलब है जो विस्फोटक विधानसभा मे पाया गया है वह काफी खतरनाक होता है, इसका इस्तेमाल दिल्ली हाई कोर्ट के भीतर धमाके में इस्तेमाल किया गया था। इस विस्फोटक में किसी भी तरह के मेटल नहीं होने की वजह से इसे पकड़ पाना बहुत मुश्किल होता है। यहां तक कि इसे डॉग स्क्वॉड भी सूंघकर नहीं पहचान पाता है। इस लिहाज से यह विस्फोटक काफी खतरनाक होता है। यह विस्फोटक केमिकल रिएक्शन की तरह से धमाका करता है, लिहाजा अगर विस्फोट होता तो यह काफी भयावह हो सकता था।

डिटोनेटर नहीं मिला है
हालांकि सुरक्षाकर्मियों को विधानसभा के भीतर किसी भी तरह का डिटोनेटर नहीं मिला है। माना जा रहा है कि अगर सदन के भीतर डिटोनेटर पहुंच जाता तो बड़ा धमाका किया जा सकता था। विधानसभा में 403 विधायक हैं, ऐसे में इस घटना के बाद प्रशासनिक अमला काफी सतर्क हो गया है।












Click it and Unblock the Notifications