'ऑफर तो मुझे भी मिले थे,' विनेश फोगाट के कांग्रेस में शामिल होने पर साक्षी मलिक ने किया बड़ा खुलासा
ओलंपिक कांस्य पदक विजेता पहलवान साक्षी मलिक (Sakshi Malik) ने शुक्रवार को कहा कि बजरंग पुनिया (Bajrang Punia) और विनेश फोगट (Vinesh Phogat) का कांग्रेस पार्टी में शामिल होना उनका 'व्यक्तिगत निर्णय' है। मलिक ने बताया कि उन्हें राजनीतिक दलों से भी प्रस्ताव मिले थे, लेकिन उन्होंने भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) में सुधार पर ध्यान केंद्रित करने का फैसला किया।
विनेश फोगाट और बजरंग पुनिया कांग्रेस में शामिल
दरअसल, अगले महीने होने वाले हरियाणा विधानसभा चुनाव से पहले पहलवान विनेश फोगाट और बजरंग पुनिया शुक्रवार को कांग्रेस में शामिल हो गए। इससे पहले आज विनेश और बजरंग ने भारतीय रेलवे में अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। 4 सितंबर को विनेश और बजरंग ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी से मुलाकात की थी।

'पार्टी में शामिल होना उनका निजी फैसला'
मलिक ने इस बात पर जोर दिया कि उनका विरोध खास तौर पर पूर्व डब्ल्यूएफआई अध्यक्ष बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ था। उन्होंने कहा कि, 'पार्टी में शामिल होना उनका निजी फैसला है। मेरा मानना है कि हमें त्याग करना चाहिए। हमारे आंदोलन, महिलाओं के लिए लड़ाई की गलत छवि नहीं जानी चाहिए।'
'मुझे भी ऑफर मिले थे'
मलिक ने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा कि, 'मेरी ओर से आंदोलन जारी है। मैंने हमेशा कुश्ती के बारे में सोचा है और इसके लिए काम किया है और आगे भी करती रहूंगी। मुझे भी ऑफर मिले थे, लेकिन मैं इस जिस चीज से जुड़ी हूं, जिसकी शुरुआत की है उसे लास्ट तक लेकर जाऊं। विरोध को, जो मैंने अच्छे कारणों से शुरू किया है, अंत तक ले जाना चाहती थी। जब तक महिलाओं का शोषण बंद नहीं हो जाता, मेरी लड़ाई जारी रहेगी। लड़ाई सच्ची है और यह जारी रहेगी।'
ओलंपियन साक्षी मलिक और विनेश फोगाट समेत कई महिला पहलवानों ने कई महीनों तक नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ प्रदर्शन किया। इससे पहले आज फोगाट और पुनिया ने नई दिल्ली में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और महासचिव केसी वेणुगोपाल से मुलाकात की और फिर पार्टी में शामिल हो गए।
रेलवे की नौकरी से फोगाट का इस्तीफा
इस बैठक से पहले, फोगाट ने निजी कारणों का हवाला देते हुए भारतीय रेलवे में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। एक्स पर एक पोस्ट में, उन्होंने अपना त्यागपत्र साझा किया और भारतीय रेलवे में सेवा करने के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि, 'भारतीय रेलवे में सेवा करना मेरे जीवन का एक यादगार और गौरवपूर्ण समय रहा है।'
30 वर्षीय फोगाट ने इससे पहले पेरिस ओलंपिक में 50 किग्रा स्वर्ण पदक मैच से अयोग्य घोषित होने के बाद कुश्ती छोड़ दी थी। फैसले के खिलाफ अपील करने के बावजूद, कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट ने उनकी अपील खारिज कर दी थी।












Click it and Unblock the Notifications