Ex-BJP नेता कौन है? परिवार के 8 सदस्यों के साथ मिली उम्रकैद की सजा, 10 साल पहले किए था खौफनाक 'कांड'

Alwar Avtar Singh Murder Case: राजस्थान के अलवर जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां 10 साल पुराने यानी 2016 के चुनावी हिंसा के मामले में BJP के पूर्व जिला अध्यक्ष इंदरजीत सिंह पाटा और उनके 8 रिश्तेदारों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। यह फैसला न सिर्फ लंबे समय से चली आ रही पारिवारिक दुश्मनी का अंत है, बल्कि चुनावी रंजिश में हिंसा की संस्कृति को भी उजागर करता है।

आपको बता दें कि, 10 जून 2016 को पाटा गांव में सरपंच चुनाव को लेकर हुए विवाद ने एक व्यक्ति की जान ले ली। अब जिला एवं सत्र न्यायालय, अलवर ने 22 गवाहों, मेडिकल रिपोर्ट्स और दस्तावेजी सबूतों के आधार पर 9 आरोपियों को दोषी करार देते हुए उम्रकैद और 1 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। फैसला आने के बाद दोषियों के मुस्कुराते हुए वीडियो ने सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। आइए विस्तार से जानते हैं कि क्या थी घटना? 10 साल कैसे लग गए?

alwar-avtar-singh-murder-case

10 जून 2016 की वह शाम, जब खून के प्यासे हुए दो रिश्तेदार

मामला नौगांव पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत पाटा गांव का है। यहां 10 जून 2016 की शाम स्थानीय निवासी अवतार सिंह एक दुकान पर बैठे थे। तभी 8 से 10 लोगों का एक समूह हथौड़ों, तलवारों, चाकुओं, लोहे के पाइप, हॉकी स्टिक और लाठियों से लैस पहुंचा।

अभियोजन पक्ष के अनुसार, हमलावरों ने अवतार सिंह पर बेरहमी से हमला बोल दिया। इंदरजीत सिंह पाटा ने कथित तौर पर 'मारो इसको, मारो' चिल्लाकर हमलावरों को उकसाया। गंभीर रूप से घायल अवतार सिंह को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत बताया। गौर करने वाली बात यह रही कि यह हमला आपसी रंजिश नहीं, बल्कि सरपंच चुनाव की प्रतिद्वंद्विता का नतीजा था। अवतार सिंह और इंदरजीत सिंह पाटा रिश्तेदार थे, लेकिन चुनाव में दोनों अलग-अलग उम्मीदवारों का समर्थन कर रहे थे। अवतार सिंह के समर्थन वाला उम्मीदवार जीत गया, जिसके बाद दुश्मनी और गहरी हो गई।

Ex-BJP नेता इंदरजीत सिंह कौन है? एक ही परिवार के 9 सदस्य

इंदरजीत सिंह पाटा BJP के पूर्व जिला अध्यक्ष (अलवर) रहे हैं। अवतार सिंह हत्याकांड में मुख्य दोषी। इनके साथ परिवार के 8 अन्य सदस्य भी दोषी करार हुए। इसमें अनूप सिंह, कमलजीत सिंह, गुरवाचन सिंह, जसपाल सिंह, कुलवंत सिंह, अमन सिंह, हरविंदर सिंह और विश्वेंद्र सिंह का नाम शामिल है। पुलिस ने सभी के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास और आपराधिक साजिश समेत विभिन्न धाराओं में आरोप पत्र दाखिल किया था।

10 साल और 18 दिन बाद आया न्याय

अवतार सिंह हत्याकांड की जांच 10 साल चलने के बाद, 18 जुलाई को, जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनंत भंडारी ने मामले की सुनवाई पूरी की। इसमें फैसला सुनाते हुए BJP के पूर्व जिला अध्यक्ष इंदरजीत सिंह पाटा और उनके 8 रिश्तेदारों को उम्रकैद की सजा दी। कोर्ट ने यह फैसला 22 गवाहों के बयानों, चिकित्सा रिपोर्ट, मौके का निरीक्षण और अन्य सबूतों को आधार दिया है। मृतक अवतार सिंह के बेटे अजयपाल ने फैसले के बाद कहा कि पिता को 10 साल और 18 दिन बाद न्याय मिला है।

पुरानी है दुश्मनी की जड़ें?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अवतार सिंह और इंदरजीत सिंह के परिवारों के बीच लंबे समय से कलह चली आ रही थी। अवतार सिंह पहले भी इंदरजीत सिंह के एक रिश्तेदार की हत्या के मामले में जेल जा चुके थे। सरपंच चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था, लेकिन बाद में फर्जी मार्कशीट विवाद समेत कई मुद्दे उभरे।

इंदरजीत सिंह को राजस्थान सरकार ने दी थी बड़ी जिम्मेदारी

आपको बता दें कि, महज 10 दिन पहले राजस्थान सरकार ने इंदरजीत सिंह पाटा को जिला लोक शिकायत समिति का सदस्य नियुक्त किया था। कोर्ट के फैसले के बाद अब राज्य सरकार कर कई तरह के सवाल उठने लगे हैं। सिंह की वजह से राज्य सरकार की छवि पर चुनौतियों के बादल मंडराने लगे हैं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+