Nagpur Row: 'औरंगजेब आज प्रासंगिक नहीं', नागपुर विवाद पर RSS का बड़ा बयान
Nagpur Row: नागपुर में कई जगहों पर हुई हिंसक झड़प के बाद अब इस पूरे मामले पर आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी सुनील आंबेकर का बयान सामने आया है। जिसमें उन्होंने कहा कि हिंसा किसी भी समाज के लिए किसी भी तरह से स्वस्थ नहीं है।
बता दें कि नागपुर में एक प्रदर्शन के दौरान औरंगजेब का पुतला जलाया गया। इसी के साथ ये अफवाह फैली कि धार्मिक ग्रंथ जलाया गया है इसके बाद इलाके में तनाव फैल गया। इसके बाद बेकाबू भीड़ ने आस-पास के इलाकों में तोड़ फोड़ और उपद्रव शुरू कर दिया।

Nagpur Row News: औरंगजेब की कब्र प्रासंगिक नहीं: RSS पदाधिकारी
इस पूरे मामले पर सुनील आंबेकर ने कहा कि मुगल बादशाह औरंगजेब जिनकी कब्र नागपुर झड़प के केंद्र में थी, आज वह प्रासंगिक नहीं हैं। किसी भी तरह की हिंसा समाज के लिए स्वस्थ नहीं है। उन्होंने कहा कि, "सवाल यह है कि अगर औरंगजेब आज प्रासंगिक हैं, तो क्या कब्र को हटा दिया जाना चाहिए? इसका जवाब यह है कि वे प्रासंगिक नहीं हैं। किसी भी तरह की हिंसा समाज के स्वास्थ्य के लिए अच्छी नहीं है।"
Nagpur Row: क्या था विवाद का केंद्र
महाराष्ट्र में औरंगजेब को लेकर कोई पहली बार विवाद नहीं हुआ है इससे पहले भी कई हिंसक झड़पे हुई हैं। ये ताजा विवाद फिल्म 'छावा' की रिलीज के बाद शुरू हुआ, जिसमें मराठा राजा छत्रपति संभाजी महाराज के इतिहास और औरंगजेब क्रुरता को दिखाया गया है। सोमवार, 17 मार्च को विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने खुल्दाबाद में औरंगजेब की कब्र को हटाने की मांग को लेकर आंदोलन किया।
बुधवार 19 मार्च को पुलिस ने कहा कि हिंसा के मास्टरमाइंड, अल्पसंख्यक डेमोक्रेटिक पार्टी (एमडीपी) के नेता फहीम शमीम खान को गिरफ्तार कर लिया गया है।
विहिप के कार्यकारी अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा, "मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हिंसा की योजना बनाई गई थी क्योंकि पेट्रोल बम तुरंत नहीं मिल सकते,उन्हें पहले से तैयार किया गया था। यह किसी उकसावे के कारण नहीं हुआ। हमारा प्रदर्शन शांतिपूर्ण था।"












Click it and Unblock the Notifications