महाराष्ट्र चुनाव: अकबरुद्दीन ओवैसी ने सालों बाद फिर दिया 15 मिनट वाला बयान, बोले- ना वो मेरा, ना मैं उसका!
Maharashtra Assembly Election 2024: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव की सरगर्मी के बीच ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (आईएम) के विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी ने चुनावी मैदान में प्रचार के लिए उतर चुके हैं। औरंगावबाद में उन्होंने ऐसा भाषण दिया है कि उससे राजनीतिक माहौल में हलचल मचने का अनुमान है।

अपने एक चुनावी भाषण के दौरान अकबरुद्दीन ओवैसी ने 2012 में की गई अपनी विवादित टिप्पणी को फिर से दोहराया, जिसे "15 मिनट का भाषण" के नाम से जाना जाता है। दर्शकों को संबोधित करते हुए उन्होंने समय का हवाला देते हुए कहा कि "अब 9:45 बज रहे थे और मेरे पास 15 मिनट बचे है, उन्होंने चुनाव सभा में मौजूद लोगों से करहा अरे भाई 15 मिनट बाकी हैं, सब्र करिए, क्योंकि ना वो पीछा छोड़ रही है और ना मैं उसका पीछा छोड़ रहा हूं। उन्होंने अंत में कहा चल रही है मगर क्या गूंज है।"
इस बयान ने चर्चाओं को फिर से हवा दे दी है और उनके पिछले विवादित दावे की यादें ताज़ा कर दी हैं! याद रहे अकबरुद्दीन ओवैसी का 2012 में एक भड़काऊ बयान था। उन्होंने घोषणा की थी कि अगर पुलिस को सिर्फ़ 15 मिनट के लिए हटा दिया जाए, तो यह पता चल जाएगा कि असली सत्ता किसके पास है।
इस कथन के कारण उनके खिलाफ़ कानूनी कार्रवाई की गई और उन्हें कुछ समय के लिए जेल भी जाना पड़ा। हालांकि बाद में उन्हें संदेह का लाभ देते हुए अदालत ने बरी कर दिया।
तब ओवैसी ने कहा था "हिंदुस्तान हम 25 करोड़ हैं, तुम 100 करोड़ हो न, ठीक है तुम तो हमसे इतने ज़्यादा हो, 15 मिनट के लिए पुलिस को हटा लो हम बता देंगे कि किसमें हिम्मत है और कौन ताकतवर है," आज भी गूंजते हैं, जो उनकी भावना की तीव्रता को दर्शाता है।
असदुद्दीन ओवैसी के छोटे भाई हैं अकबरुद्दीन ओवैसी
बता दें अकबरुद्दीन ओवैसी AIMIM के नेता और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी के छोटे भाई भी हैं। अकबरुद्दीन ने लगातार छह बार तेलंगाना के चंद्रयानगुट्टा से विधानसभा सीट जीती है, जो उनके राजनीतिक प्रभाव और अपने मतदाताओं के बीच उनके भरोसे को दर्शाता है।
बता दें आगामी महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में AIMIM महाराष्ट्र में 16 सीटों पर चुनाव लड़ रही है, दोनों ओवैसी भाई अपनी पार्टी के लिए समर्थन जुटाने के लिए पूरे राज्य में सक्रिय रूप से प्रचार कर रहे हैं। यह 2019 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में उनकी भागीदारी के बाद हुआ है, जहाँ AIMIM ने 44 सीटों पर उम्मीदवार उतारे थे, लेकिन केवल दो पर ही जीत हासिल की थी।












Click it and Unblock the Notifications