Baramati By Election: बारामती उपचुनाव के बीच रोहित पवार के बयान ने मचाई हलचल, युगेंद्र पवार ने दिया सख्त जवाब
Baramati By Election: बारामती में उप-चुनाव के लिए वोटिंग चल रही है। दिवंगत नेता अजित पवार के निधन के बाद खाली हुई इस सीट पर उपचुनाव हो रहा है। बारामती वासियों की नज़रें सुनेत्रा पवार और युगेंद्र पवार पर टिकी हैं।
चाचा शरद पवार से अजित पवार की बगावत के बाद पिछले कई चुनावों में एक-दूसरे के खिलाफ ताल ठोकने वाला पवार बारामती उपचुनाव में भले ही सुनेत्रा पवार के प्रचार के लिए एकजुट हुआ है, लेकिन पार्टी में मौजूद मतभेद और भविष्य की राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं 'चाचा-भतीजे' के बीच एक और संघर्ष की ओर इशारा कर रहे हैं। ऐसे में, यह अस्थायी 'पारिवारिक एकजुटता' 2029 तक कायम रहेगी या नहीं, यही मुख्य प्रश्न है।

वहीं बारामती उपचुनाव में पूरा पवार परिवार भले ही सुनेत्रा पवार के प्रचार के लिए एकजुट हुआ है, लेकिन पार्टी में मौजूद मतभेद और भविष्य की राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं 'चाचा-भतीजे' के बीच एक और संघर्ष की ओर इशारा कर रहे हैं। ऐसे में, यह अस्थायी 'पारिवारिक एकजुटता' 2029 तक कायम रहेगी या नहीं, यही मुख्य प्रश्न है।
रोहित पवार ने अजित पवार के बेटों के लिए किया ये दावा
इसी बीच बारामती उपचुनाव के बीच शरद पवार के पोते और एनसीपी (एसपी) विधायक रोहित पवार ने 2029 के चुनावों में एक बार फिर 'पवार बनाम पवार' मुकाबले की संभावना जताई है। उनके अनुसार, अगला विधानसभा चुनाव जय पवार और युगेंद्र पवार के बीच सीधा मुकाबला हो सकता है। हालांकि, युगेंद्र पवार ने रोहित पवार के इस बयान को सिरे से खारिज करते हुए अपना रुख स्पष्ट किया है।'
युगेंद्र पवार ने दिया करारा जवाब
युगेंद्र पवार ने दृढ़ता से कहा कि रोहित पवार का यह बयान व्यक्तिगत है। उन्होंने दोहराया कि वे अपने परिवार के सदस्यों को एक बार फिर चुनावी दंगल में एक-दूसरे के खिलाफ देखना बिल्कुल नहीं चाहते। उन्होंने लोकसभा और विधानसभा चुनावों में हुए पारिवारिक संघर्षों का ज़िक्र करते हुए कहा कि उनका दुख आज भी मन को कचोटता है।
क्या बोले जय पवार?
दूसरी ओर, जय पवार ने भी 2029 की उम्मीदवारी को लेकर सतर्क रवैया अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यकर्ताओं के आग्रह का सम्मान करते हुए भी, फ़िलहाल वे एक निष्ठावान कार्यकर्ता के रूप में ही काम करना चाहते हैं। हालांकि, रोहित पवार ने राजनीतिक समीकरणों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि सुनेत्रा पवार चुनाव नहीं लड़ती हैं, तो महाविकास आघाड़ी की ओर से जय पवार के खिलाफ युगेंद्र पवार एक प्रबल उम्मीदवार हो सकते हैं।














Click it and Unblock the Notifications