मनीष गुप्ता हत्याकांड: रोते हुए मीनाक्षी ने पुलिसकर्मी पर लगाया गंभीर आरोप, कहा- पीट-पीटकर की हत्या

मनीष गुप्ता हत्याकांड: रोते हुए मीनाक्षी ने पुलिसकर्मी पर लगाया गंभीर आरोप, कहा- पीट-पीटकर की हत्या, खून भी किया साफ

कानपुर, 30 सितंबर: 36 वर्षीय मनीष कुमार गुप्ता की गोरखपुर जिले के एक हॉटल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। जिसका अंतिम संस्कार गुरुवार 30 सितंबर की सुबह कर दिया गया है। तो वहीं, इस मामले में कार्रवाई करते हुए अब तक छह पुलिसकर्मियों को भी सस्पेंड कर दिया गया था और पीड़ित परिवार को सरकार की तरफ से 10 लाख रुपए अनुग्रह राशि भी दी गई। कानपुर डीएम विशाख अय्यर ने 29 सितंबर को जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ आज कानपुर आ रहे है वो यहां पीड़ित परिवार से मिलेंगे।

Manish Gupta murder case: Meenakshi says my husband was murdered by a policeman

Recommended Video

    Kanpur Property Dealer Case: 6 पुलिसकर्मियों पर Case registered | वनइंडिया हिंदी

    हालांकि, मनीष कुमार गुप्ता के परिजनों ने गोरखपुर पुलिस पर बड़े ही गंभीर आरोप लगाए है। आरोप है कि गोरखपुर पुलिस ने हॉटल में छापेमारी के दौरान पीट-पीटकर मनीष गुप्ता की हत्या कर दी। मनीष गुप्ता की मौत के बाद पत्नी मीनाक्षी गुप्ता का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वो फूट-फूटकर रोते हुए न्याय दिलाने की गुहार लगा रही है। मार्मिक अपील का यह वीडियो महज 30 सेकंड का है जिसमें मीनाक्षी हाथ जोड़कर रोते हुए नजर आती हैं। वहीं, पीछे कुछ लोग और पुलिस खड़ी हुई है। इस दौरान मीनाक्षी रोते हुए कहती हैं, मेरी आप सभी से विनती है। इस होटल में मेरे हस्बैंड का खून हुआ है। एक पुलिसवाले ने खून किया है।

    मीनाक्षी आगे कहती हैं, प्लीज न्याय दिला दीजिए। आप देखिए कि बाकी सारी वीडियो क्लिप में कहीं भी खून नहीं है, लेकिन वो (मेरे पति) खून से लथपथ थे। इसके बाद मीनाक्षी ने दोस्तों का हवाला देते हुए कहा, उनके दो दोस्तों ने भी बताया है कि यहीं पर खून भरा हुआ था। लेकिन होटल वालों ने सब साफ करवा दिया है। प्लीज मदद करिए। मेरे पति को न्याय दिलाइए। हालांकि, न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बात करते हुए मीनाक्षी ने कहा कि 'मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हमारा सहयोग किया है। हमारी एफआईआर दर्ज़ नहीं हो रही थी उन्होंने हमारा केस दर्ज़ कराया है।'

    मीनाक्षी गुप्ता ने कहा जिस होटल में मेरे पति की हत्या हुई उस होटल का लाइसेंस रद्द होना चाहिए और सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि होटल का मालिक फिर से कहीं और होटल ना बनाए। मैं होटल के ख़िलाफ़ भी मुक़दमा दर्ज़ करूंगी। होटल का मालिक अच्छा नहीं है। होटल का मालिक हमारे साथ सहयोग नहीं कर रहा है। मीनाक्षी ने आगे कहा कि परिवार ने अधिकारियों से तीन मांगें रखी हैं। पहली मांग मामला कानपुर स्थानांतरित किया जाए। दूसरा, परिवार को मुआवजे के रूप में 50 लाख रुपये दिए जाए और तीसरी मांग है कि राज्य सरकार द्वारा नौकरी दी जाए।

    मनीष गुप्ता की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी आई सामने
    मनीष गुप्ता की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी सामने आ गई है, जिसने गोरखपुर पुलिस द्वारा बताई गई झूठी कहानी की पोल खोलकर रख दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पता चला है कि मनीष के सिर, चेहरे और शरीर पर गंभीर चोट के निशान हैं। मनीष के सिर के अगले हिस्से पर तेज प्रहार किया गया, जिससे उनके नाक के पास से खून बह रहा था। हालांकि, पुलिस ने घटना के बाद अपने पहले बयान में इसे हादसे में हुई मौत बताया था।

    क्या है पूरा मामला ?
    सिकरीगंज के महादेवा बाजार के रहने वाले चंदन सैनी ने बताया कि उनके तीन दोस्त गुरुग्राम से प्रदीप चौहान, हरदीप सिंह चौहान और कानपुर से मनीष गुप्ता गोरखपुर घूमने आए थे। 27 सिंतबर की रात रामगढ़ताल थाना पुलिस होटलों की जांच के लिए निकली थी। थाने से कुछ दूरी पर स्थित कृष्णा होटल में पुलिस ने एक कमरे की तलाशी ली तो वहां मनीष अपने दो दोस्तों के साथ ठहरे हुए थे। पुलिस के पहुंचने पर मनीष के दोनों साथी उठ गए। पुलिस की पूछताछ में मनीष के दोनों साथियों ने बताया कि वह गुड़गांव और लखनऊ के निवासी हैं।

    तीन पुलिसकर्मियों समेत छह लोगों पर हुआ केस दर्ज
    युवक पुलिस के अनुसार, इस दौरान मनीष नींद में उठा और बेड से नीचे गिर गया, जिससे उसके मुंह में चोट लग गई। पुलिस का कहना है कि तीनों युवक नशे में थे। पुलिस मनीष को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज लेकर गई, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। तो वहीं, अब इस मामले में आईपीसी की धारा 302 के तहत केस दर्ज किया गया है। प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के मामले में 3 पुलिसकर्मियों समेत कुल 6 लोगों पर गोरखपुर के थाना रामगढ़ताल में आईपीसी की धारा 302 के तहत केस दर्ज किया गया। इसमें रामगढ़ताल एसओ जेएन सिंह, अक्षय मिश्रा उपनिरीक्षक, उपनिरीक्षक विजय यादव और 3 अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज हुआ है।

    पुलिसवालों का वीडियो वायरल
    केस में कुछ वीडियोज भी सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं। एक वीडियो में पुलिसवाले पीड़ित परिवार से मिलने के दौरान उनको समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि कोर्ट में यह मामला लंबा खिंचता जाएगा। सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो में अधिकारी समझा रहे हैं कि किस तरह से पुलिसवालों का परिवार बर्बाद हो जाएगा, वह एफआईआर न करें। उन्हें नौकरी का प्रलोभन भी दिया जा रहा है।

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+