'वन नेशन-वन इलेक्शन' पर CM सोरेन ने BJP को यूं लिया आड़े हाथों, जानिए क्या कहा?
One Nation One Election: मोदी कैबिनेट ने 'वन नेशन-वन इलेक्शन' यानी एक राष्ट्र-एक चुनाव के प्रस्ताव को 18 सितंबर 2024 को मंजूरी दे दी। वन नेशन-वन इलेक्शन को मंजूरी मिलने के बाद से विपक्षी पार्टियां लगातार इसको लेकर बीजेपी सरकार को घेर रहा है।
इस बीच, झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी बीजेपी सरकार को आड़े हाथों लिया। जामता और दुमका के लोगों को संबोधित करते हुए सीएम सोरेन ने कहा, विपक्ष के ये लोग हिंदू-मुस्लिम, जात-पात की राजनीति कर लोगों को आपस में उलझाने का काम करते हैं, ताकि सांप्रदायिक सौहार्द में तनाव फैले। इसलिए ध्यान रखिएगा दो-तीन माह बाद चुनाव होने जा रहा है।

इतना ही नहीं, उन्होंने कहा कि यह लोग पूरे देश में सांप्रदायिक तनाव फैला कर चुनाव लड़ने का प्रयास करते रहते हैं। लोकसभा चुनाव में केंद्र सरकार ने हिंदू-मुस्लिम की राजनीति की। नतीजा यह हुआ कि पूरे देश की जनता ने भारतीय जनता पार्टी को 6 इंच छोटा कर दिया। इन्हें सरकार बनाने के लिए बैसाखी की जरूरत पड़ी।
ये लोग नया-नया शगूफा छोड़ते हैं। पता चला है कि वन नेशन, वन इलेक्शन स्वीकृत हो गया। यह देश में चाहते हैं कि एक ही दल राज करें। एक ही सरकार हमेशा रहे। चाहे राज्य हो या देश। दूसरा कोई सरकार नहीं, सिर्फ और सिर्फ एक। सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले ये लोग, सामंती लोग राज करने के फिराक में हैं। आप लोग तैयार रहिएगा।
इससे पहले, सीएम सोरेन ने कहा कि आपकी योजना, आपकी सरकार, आपके द्वार कार्यक्रम के अंतर्गत जामताड़ा और दुमका जिले के अपने लोगों से मिलने का अवसर मिला। विगत साढ़े चार वर्ष में आपकी सरकार ने आमजन के लिए जो कार्य किया है, वह कार्य विपक्ष ने 20 वर्षों में भी नहीं किया और आने वाले 50 वर्षों में भी विपक्ष यह कार्य नहीं कर सकेगा।
विपक्ष हमेशा हमें परेशान करता रहा है और साजिश के तहत मुझे जेल में भी डाल दिया। लेकिन आपके आशीर्वाद से मैं पुनः आपके बीच पूरी मजबूती के साथ खड़ा हूं। सरकार जनहित में कोई भी कार्य करें तो भाजपा के लोग संस्थाओं को लगा कर उसमें रोड़ा अटकाने लगते हैं। हम हक-अधिकार मांगने लगे तो मुझे जेल में डाल दिया।
ये लोग झारखंड के कोयला का ₹1 लाख 36 हजार करोड़ बकाया नहीं दे रहें हैं। अगर इस राशि का ब्याज भी मिल जाता तो राज्य के विकास की रफ्तार कहीं अधिक तेज होती। पूर्व की डबल इंजन भाजपा सरकार के कार्यकाल में 11 लाख लोगों का राशन कार्ड डिलीट कर दिया गया था। उस समय सामान्य जीवन में लोग राशन कार्ड हाथ में लेकर भात-भात कह कर मरे थे।
हम लोगों ने सरकार का गठन किया और 20 लाख हरा राशन कार्ड बनाकर गरीबों के बीच बांटने का कार्य किया।विपक्ष के लोग मुझे राज्यवासियों के लिए सरकारी दुकान से राशन खरीदने नहीं देते। खुले बाजार से राज्य सरकार अनाज खरीद कर राशन वितरण करती है।
इस राज्य के गरीब लोगों को आवास देने के लिए हम लोग तीन वर्ष तक भारत सरकार से आग्रह करते रहे, लेकिन उन्होंने गरीबों को आवास नहीं दिया। अंततः हमने निर्णय लिया और राज्य के गरीब लोगों को आपकी सरकार अबुआ आवास दे रही है।












Click it and Unblock the Notifications