झांसी में राजनाथ सिंह ने किया 'शस्त्र प्रदर्शनी' का शुभारंभ, बोले- महिलाओं का बढ़ाया है प्रतिनिधित्व
झांसी में राजनाथ सिंह ने किया 'शस्त्र प्रदर्शनी' का शुभारंभ, बोले- महिलाओं का बढ़ाया है प्रतिनिधित्व
झांसी, 17 नवंबर: रक्षामंत्री राजनाथ सिंह बुधवार को महारानी लक्ष्मीबाई के जन्मोत्सव पर झांसी पहुंचे। यहां उन्होंने शस्त्र प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। इस दौरान राजनाथ सिंह ने मंच से बोलते हुए कहा, 'रानी लक्ष्मीबाई ने नारी शक्ती को नया आयाम दिया। उनका महिला होना रण भूमी में कभी बाधा नहीं बना।' उन्होंने साबित किया कि महिलाओं को अवसर मिलने पर रक्षा और सुरक्षा मामलों पर प्रभावी भुमिका निभा सकती है।

राजनाथ सिंह ने मंच से बोलते हुए कहा, 'सशस्त्र बलों के सभी बंद दरवाजे भी महिलाओं के लिए खोले जा रहे हैं। हमने सशस्त्र बलों के तीनों अंगों में उनका प्रतिनिधित्व बढ़ाया है। सैनिक स्कूलों में हो रहा है दाखिला, महिलाओं के लिए एनडीए के पोर्टल भी खोले गए।' इस दौरान उन्होंने कहा कि जब मैं गृह मंत्री था, मैंने सभी राज्यों को एक एडवाइजरी जारी की थी कि पुलिस अधिकारियों में भी कम से कम 33 प्रतिशत महिलाओं का प्रतिनिधित्व करने का प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मुझे यह कहते हुए खुशी हो रही है कि कई राज्यों में पुलिस बल में महिलाओं का प्रतिनिधित्व बढ़ा है। सिंह ने कहा कि दुर्भाग्य से आजादी के बाद महिलाओं को राष्ट्र की रक्षा में सक्रिय भूमिका निभाने का अवसर नहीं मिला। लेकिन अब स्थिति तेजी से बदल रही है। पीएम मोदी के सत्ता में आने के बाद से हमारी सेना में उनका योगदान बढ़ रहा है। कहा कि सशस्त्र बलों में महिलाओं के लिए स्थायी कमीशन की व्यवस्था की गई। वे लंबे समय से मांग कर रहे थे।
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि अब बल ने योग्यता के आधार पर योग्य महिला अधिकारियों को स्थायी कमीशन देने का फैसला किया है। महिला सशक्तिकरण का इससे बेहतर उदाहरण क्या हो सकता है? इस दौरान उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था, जब देश में 65 से 70 फीसदी रक्षा साम्रगी आयात होती थी। आज तस्वीर बदल गई है। हमने तय किया है, चाहे स्थिति कैसी भी हो, 64 फीसदी तक दुनिया के दूसरे देशों से आयात नहीं करेंगे। भारत की धरती पर बने रक्षा साम्रगियों का इस्तेमाल होगा।












Click it and Unblock the Notifications