Kathua Attack: लोकल गाइड ने की आतंकियों की मदद! US मेड M-4 कार्बाइन जैसे आधुनिक हथियारों से किया अटैक
Kathua, Jammu-Kashmir: जम्मू और कश्मीर के कठुआ जिले के बिलावर क्षेत्र में सोमवार, 8 जुलाई को आतंकवादियों ने एक सेना के वाहन पर हमला किया। सेना के जवानों को ले जा रहे वाहन पर पाकिस्तानी आतंकवादियों ने पहले ग्रेनेड फेंका फिर M4 कार्बाइन राइफल जैसे अत्याधुनिक हथियारों के साथ ताबड़तोड़ गोलीबारी की।
इस हमले की जिम्मेदारी आतंकवादी समूह कश्मीर टाइगर्स ने ली है। मिली जानकारी के अनुसार आतंकवादियों ने हमला करने से पहले इलाके की रेकी भी की थी। जिसमें स्थानीय समर्थकों की मदद से इंकार नहीं किया जा सकता है। यह अटैक एक वेल प्लांड हमला लग रहा है।

2 महीने पहले हुई थी घुसपैठ
मिली जानकारी एक अनुसार, करीब दो महीने पहले क्षेत्र में बहुत सारे आतंकवादियों की घुसपैठ हुई थी। बीते एक महीने के अंदर जम्मू-कश्मीर में 6 जबकि कठुआ में 2 बड़े आतंकी हमले हो चुके हैं। बदनोता गांव, जहां यह हमला हुआ, वहां उचित सड़क संपर्क नहीं है, और वाहन 10-15 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक की गति से नहीं चल सकते।
आतंकवादियों ने गाड़ियों की धीमी गति का उठाया फायदा
आतंकवादियों ने सेना के वाहनों की धीमी गति का फायदा उठाते हुए पहाड़ियों पर रणनीतिक स्थान ले लिए। सूत्रों के हवाले से इंडिया टुडे ने अपनी रिपोर्ट में कहा, "2-3 आतंकवादी और 1-2 स्थानीय गाइड पहाड़ियों पर तैनात थे। उन्होंने पहले सेना के वाहनों पर ग्रेनेड फेंके और फिर गोलीबारी की, जिसमें सबसे पहले ड्राइवर को निशाना बनाया गया।"
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स्थानीय गाइड की मदद से की थी रेकी!
प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि आतंकवादियों ने इलाके का पहले से ही निरीक्षण किया था। एक स्थानीय गाइड ने कथित तौर पर आतंकवादियों की मदद की, उन्हें खाना, आश्रय दिया और हमले के बाद उनके छिपने के स्थानों तक पहुंचाया।
जारी है सर्च ऑपरेशन
मंगलवार को कठुआ में हमलावरों का पता लगाने के लिए एक बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान जारी रहा, जो माना जाता है कि पास के जंगल क्षेत्रों में भाग गए हैं। खोज अभियान को पहाड़ी इलाका, धुंध और घनी वनस्पति के कारण कड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
यह हमला सोमवार की दोपहर करीब 3:30 बजे मचेड़ी-किंडली-मल्हार रोड पर बडनोटा गांव के पास लोहाई मल्हार में हुआ, जो कठुआ शहर से लगभग 150 किमी दूर है। एक जूनियर कमीशंड अधिकारी (JCO) उन पांच कर्मियों में शामिल थे जो मारे गए, और पांच अन्य घायल सैनिक अस्पताल में भर्ती हैं।












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