चीन ने लद्दाख में हॉट स्प्रिंग एरिया खाली करने का क्यों किया दावा ?

बीजिंग, 16 मार्च: पूर्वी लद्दाख में लगभग दो वर्षों से वास्तविक नियंत्रण रेखा पर कई जगहों पर अभी भी भारत और चीन के बीच गतिरोध की स्थिति बनी हुई है। हाल ही में दोनों देशों के सैन्य कमांडरों के बीच 15वीं दौर की बातचीत हुई है, लेकिन पूर्ण समाधान की अभी तक संभावनाएं ही तलाशी जा रही हैं। इस बीच चीन ने ऐसे इलाके से सैनिकों के हटने का दावा कर दिया है, जिसके बारे में अभी तक कोई आधिकारिक तथ्य सामने नहीं है। यह इलाका है- हॉट स्प्रिंग एरिया का। चीन की ओर से यह दावा क्यों किया गया है, यह बड़ा सवाल बन गया है।

चीन ने हॉट स्प्रिंग एरिया से पीछे हटने का किया दावा

चीन ने हॉट स्प्रिंग एरिया से पीछे हटने का किया दावा

अंग्रेजी अखबार हिंदुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक चीन ने पहली बार दावा किया है कि उसकी पीपुल्स लिब्रेशन आर्मी के जवान पूर्वी लद्दाख में एलएसी पर हॉट स्प्रिंग एरिया से पीछे हट गए हैं। चीनी विदेश मंत्रालय ने एचटी से कहा है कि चीन पूर्वी लद्दाख में भारत के साथ गतिरोध के 'जल्दी से जल्दी' स्वीकार्य समाधान पर पहुंचने के लिए भारत के साथ मिलकर काम कर रहा है। यही नहीं चीन ने दावा किया है कि सेना गलवान घाटी, पैंगोंग लेक और हॉट स्प्रिंग इलाके को खाली कर चुकी है।

11 मार्च को ही हुई है 15वीं दौर की बातचीत

11 मार्च को ही हुई है 15वीं दौर की बातचीत

दरअसल, पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर करीब 22 महीनों से दोनों देशों के बीच गतिरोध की स्थिति बनी हुई है और कई दौर की राजनयिक और सैन्य बातचीत के बाद भी इसका पूरा समाधान नहीं निकल पाया है। भारत ने पैंगोंग लेक के नॉर्थ और साउथ बैंक और गोगरा से डिसइंगेजमेंट की बात कही है। दोनों देशों के सैन्य कमांडरों के बीच 15वीं दौर की बातचीत पिछले 11 मार्च को ही संपन्न हुई है। इसके बाद जब अखबार ने चीन के विदेश मंत्रालय से संपर्क किया तो उसने मेंडरिन भाषा में एक छोटा सा बयान दिया।

'जल्द से जल्द परस्पर स्वीकार्य हल तक पहुंचने की कोशिश'

'जल्द से जल्द परस्पर स्वीकार्य हल तक पहुंचने की कोशिश'

चीनी विदेश मंत्रालय की ओर से दिए बयान में कहा गया है, 'चीन और भारत ने 11 मार्च को 15वें राउंड की कमांडर लेवल चर्चा की है और एक साझा प्रेस रिलीज जारी किया है।' 'पिछले साल से दोनों ओर से गलवान घाटी, पैंगोंग लेक और हॉट स्प्रिंग एरिया में सफलतापूर्वक डिसइंगेजमेंट की प्रक्रिया पूरी की गई है। मौजूदा जमीनी हालात स्थिर और नियंत्रण लायक है।' बातचीत के बारे में चीन ने कहा है,'दोनों पक्षों ने जल्द से जल्द परस्पर स्वीकार्य हल तक पहुंचने के लिए सैन्य और राजनयिक चैनलों के जरिए चर्चा जारी रखने पर सहमति जताई है।'

हॉट स्प्रिंग एरिया पर झूठ बोल रहा है चीन ?

हॉट स्प्रिंग एरिया पर झूठ बोल रहा है चीन ?

हालांकि, चीन के बयान में उन क्षेत्रों का जिक्र नहीं है, जहां से सैनिकों को खाली करने की प्रक्रिया अभी पूरी की जानी है या फिर इस काम में इतनी देरी क्यों हो रही है? यही नहीं, इस मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने कहा है कि हॉट स्प्रिंग इलाके के भी विवाद वाला हर क्षेत्र खाली नहीं हुआ है। हालांकि, इसके बारे में ज्यादा विस्तार से जानकारी नहीं दी गई है। इनके मुताबिक सैनिकों को खाली कराने की आखिरी प्रक्रिया 4-5 अगस्त, 2021 को गोगरा या पेट्रोलिंग प्वाइंट 17ए पर हुई थी। इसके बारे में 31 जुलाई, 2021 को 12वीं दौर की सैन्य कमांडरों की बातचीत में तय किया गया था।

चीन के दावे का मतलब क्या है?

चीन के दावे का मतलब क्या है?

इससे पहले चीन ने आधिकारिक तौर पर सिर्फ फरवरी, 2021 में पैंगोंग लेक इलाके से और 2020 में गलवान घाटी से सैनिकों के पीछे हटने की बात मानी थी। अगस्त, 2021 में भारत ने गोगरा से सैनिकों की वापसी की घोषणा की थी, लेकिन चीन सरकार और पीएलए ने उसपर भी चुप्पी साध ली थी। दोनों देशों के बीच हुई सबसे आखिरी बातचीत में सारे मुद्दों को जल्द से जल्द और सैन्य और राजनयिक चैनलों के जरिए बातचीत से सुलझाने पर ही सहमति जताई गई थी और इसी के मुताबिक साझा बयान जारी किया गया था। यह साफ नहीं हुआ है कि चीन ने इस समय हॉट स्प्रिंग एरिया खाली करने का दावा क्यों किया है। जानकार मान रहे हैं कि हो सकता है कि मौजूदा वैश्विक स्थिति और चीन की अंदरूनी परिस्थति के चलते वह अभी तनाव को कम करना चाहता हो! (तस्वीरें-फाइल)

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+